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सिरसा में खतरे के निशान पर बह रहा घग्गर नदी का पानी, प्रशासन अलर्ट

पहाड़ों में हो रही बरसात का असर: ओटू हेड के सभी गेट खोले, अधिकारियों को मुख्यालय न छोड़ने के आदेश
सिरसा के गांव रंगा में राहत कार्यों में जुटे ग्रामीण। -हप्र
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प्रदेश में लगातार हो रही बरसात परेशानी का सबब बनी हुई है। सिरसा में बहने वाली घग्गर नदी में इस समय जलस्तर खतरे के निशान के करीब पहुंच गया है। लगातार हो रही बरसात और पहाड़ी एरिया व पंजाब से आ रहे पानी के कारण जलस्तर में निरंतर बढ़ोतरी हो रही है। घग्गर तटंबंध पर बसे गांवों के ग्रामीण ठीकरी पहरा दे रहे हैं। बचाव कार्यों को लेकर मिट्टी के कट्टे भरने और जेसीबी और ट्रैक्टर ट्राॅलियों से तटबंध को मजबूत करने में लगे हैं।

उधर, जिला प्रशासन भी पूरी सतर्कता बरत रहा है। जिला परिषद के सीईओ डॉ. सुभाष चंद्र ने तटबंध के साथ लगते गांवों का दौरा किया। शुक्रवार को ओटू हेड से राजस्थान की ओर 23,500 क्यूसेक पानी छोड़ा जा रहा है, जिसके चलते सभी गेट पूरी तरह खोल दिए गए हैं। जिससे राजस्थान में घग्गर का जलस्तर बढ़ रहा है। नदी का बहाव बढ़ने से सरदूलगढ़ से सिरसा की ओर पानी तेजी से पहुंच रहा है। इस कारण नेजाडेला खुर्द, सहारनी सहित कई गांवों में छोटा तटबंध ओवरफ्लो होकर टूट गया, जिससे सैकड़ों एकड़ फसलें जलमग्न हो गईं। वहीं रंगा, लहंगेवाला, फरवाईकलां, मुसाहिबवाला, मत्तड़ इत्यादि में ग्रामीण बचाव कार्य की तैयारियों में जुटे हैं। हालात की गंभीरता को देखते हुए जिला प्रशासन ने घग्गर की निगरानी के लिए 24 टीमें तैनात की गई है। सभी अधिकारियों और कर्मचारियों की छुट्टियां रद्द कर दी गई हैं। एक्सईएन संदीप शर्मा ने बताया कि इस समय घग्गर का पानी खतरे के निशान से ऊपर चल रहा है। प्रशासन की ओर से मशीनरी व अन्य सुविधाएं तटबंधों पर मुहैया करवा दी गई हैं। अगर कोई तटबंध टूटा या हालात बेकाबू हुए तो उनका इस्तेमाल किया जा सकेगा। अभी कहीं ज्यादा नुकसान नहीं हुआ है।

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