पीआरटीसी कच्चे कर्मचारियों की हड़ताल तीसरे दिन भी जारी
पीआरटीसी के कच्चे कर्मचारियों की हड़ताल रविवार को लगातार तीसरे दिन भी जारी रही। संगरूर, बुढ़लाडा और फरीदकोट के बस अड्डों पर कर्मचारियों ने पंजाब सरकार और पीआरटीसी प्रबंधन के खिलाफ जमकर नारेबाज़ी की और स्पष्ट कहा कि जब तक उनकी मांगों को मान नहीं लिया जाता, हड़ताल समाप्त नहीं होगी।
हड़ताली कर्मचारी किलोमीटर स्कीम बसों का टेंडर रद्द करने, सेवाओं को जारी रखने और यूनियन नेताओं की गिरफ्तारी के विरोध सहित अन्य मांगों को लेकर संघर्ष कर रहे हैं। दो दिन पहले यूनियन नेताओं की गिरफ्तारी के खिलाफ शुरू हुई यह हड़ताल अब व्यापक रूप ले चुकी है। पीआरटीसी कर्मचारी यूनियन के नेता हरप्रीत सिंह ने आरोप लगाया कि सरकार और मैनेजमेंट पुलिस की मदद से उनकी जायज़ मांगों को दबाने की कोशिश कर रहे हैं। उनके अनुसार, राज्य के कई स्थानों पर कर्मचारियों पर लाठीचार्ज भी किया गया है। उन्होंने कहा कि यदि सरकार उनकी मांगें नहीं मानती, तो संघर्ष और तेज़ किया जाएगा।
उधर, बस अड्डों पर तनावपूर्ण हालात को देखते हुए प्रशासन ने सुरक्षा कड़ी कर दी है। फरीदकोट में एसपी की देखरेख में तीन डीएसपी और पांच एसएचओ के नेतृत्व में भारी पुलिस बल तैनात किया गया है। पुलिस ने चेतावनी दी है कि यदि कर्मचारियों ने बस स्टैंड के गेट बंद किए या हिंसक प्रदर्शन की कोशिश की, तो उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। बस अड्डों के आसपास का इलाका पुलिस छावनी में तब्दील हो गया है।
इस बीच, यूनियन की प्रांतीय कमेटी पट्टी में सरकार के साथ चल रही बैठक में शामिल है। कर्मचारियों ने साफ कहा कि यदि वार्ता में समाधान नहीं निकला, तो उनका आंदोलन आगे भी जारी रहेगा।
