नयी पीढ़ी को हमारी संस्कृति से जोड़ती है श्रीमद्भागवत कथा : सुभाष बराला
श्रीमद्भागवत कथा जैसे कार्यक्रम न केवल भक्ति और श्रद्धा का वातावरण बनाते हैं बल्कि समाज को एकजुट करने और नई पीढ़ी को हमारी महान संस्कृति और आध्यात्मिक धरोहर से जोड़ने का भी काम करते हैं। यह शब्द राज्यसभा सांसद सुभाष बराला ने अग्रवाल भवन में आयोजित 11वीं श्रीमद्भागवत कथा में लोगों को संबोधित करते हुए कहे। उन्होंने कथा व्यास साक्षी गोपाल दास महाराज की मधुर वाणी व आध्यात्मिक प्रवचनों का आनंद लेते हुए श्रद्धालुओं के साथ कथा श्रवण का सौभाग्य प्राप्त किया और श्रद्धालुओं को इस पावन आयोजन के लिए शुभकामनाएं देते हुए संबोधित किया।
सांसद सुभाष बराला ने कहा कि ऐसे आध्यात्मिक आयोजन समाज में धार्मिक, सांस्कृतिक और नैतिक मूल्यों को और अधिक सशक्त करते हैं। उन्होंने कहा कि वर्तमान सरकार भी इसी दिशा में सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास और सबका प्रयास की भावना के साथ समाज में सद्भावना, सामाजिक समरसता और सांस्कृतिक मूल्यों को बढ़ावा दे रही है। केंद्र और राज्य सरकार द्वारा शिक्षा, संस्कृति और युवाओं को भारतीय संस्कारों से जोड़ने के लिए लगातार कार्य किए जा रहे हैं। कथा व्यास साक्षी गोपाल दास महाराज ने आध्यात्मिक प्रवचनों से भगवान श्रीकृष्ण की अलौकिक लीलाओं का दिव्य वर्णन किया।