Tribune
PT
Subscribe To Print Edition About the Dainik Tribune Code Of Ethics Advertise with us Classifieds Download App
search-icon-img
Advertisement

चीन ने छह साल पहले किए गुप्त परमाणु परीक्षण : अमेरिका

विदेश मंत्री क्रिस्टोफर ने देशों से निरस्त्रीकरण के लिए दबाव बनाने का किया आह्वान

  • fb
  • twitter
  • whatsapp
  • whatsapp
featured-img featured-img
सांकेतिक फाइल फोटो।
Advertisement
अमेरिका के शस्त्र नियंत्रण और अप्रसार ब्यूरो के सहायक विदेश मंत्री क्रिस्टोफर यिआव ने लगभग छह साल पहले चीन द्वारा किए गए गुप्त परमाणु परीक्षण के बारे में सोमवार को नयी जानकारी साझा की। उन्होंने अन्य देशों से आग्रह किया कि वे चीन और रूस पर परमाणु निरस्त्रीकरण करने के लिए कदम उठाने का दबाव बनाएं। इस महीने अमेरिका और रूस के बीच आखिरी परमाणु हथियार समझौते की समाप्ति के बाद यिआव ने संयुक्त राष्ट्र समर्थित एक संस्था के सम्मेलन को संबोधित करते हुए यह बात कही। समझौते की अवधि खत्म होने से दुनिया की सबसे बड़ी परमाणु शक्तियों के हथियारों पर लगी सीमाएं समाप्त हो गई हैं। यिआव ने चीन से अधिक पारदर्शिता की मांग की और 'न्यू स्टार्ट' संधि की कुछ कमियों की ओर इशारा करते हुए उदाहरण दिया कि इसमें रूस के गैर-रणनीतिक परमाणु हथियारों के विशाल भंडार का कोई समाधान नहीं किया गया। उन्होंने संयुक्त राष्ट्र समर्थित निरस्त्रीकरण सम्मेलन में कहा, 'लेकिन शायद इसकी सबसे बड़ी कमी यह थी कि 'न्यू स्टार्ट' संधि ने चीन द्वारा अभूतपूर्व, सुनियोजित और गुप्त रूप से तैयार किए गए परमाणु हथियारों को ध्यान में नहीं रखा।' यिआव ने कहा कि चीन ने जानबूझकर और बेरोक-टोक अपने परमाणु हथियार भंडार में भारी विस्तार किया, जबकि उसने ऐसा न करने का आश्वासन दिया था। उन्होंने चीन के लक्ष्य या उद्देश्यों के बारे में पारदर्शिता की कमी पर खेद व्यक्त किया। उन्होंने कहा हम हम मानते हैं कि चीन अगले चार या पांच साल में बराबरी हासिल कर सकता है।

Advertisement

Advertisement
Advertisement
×