Iran Israel War : ईरान-इजरायल युद्ध : खामेनेई की मौत के बाद ईरान का बड़ा पलटवार; इजरायल और खाड़ी देशों पर दागीं मिसाइलें, ट्रंप बोले : 'अब होगा महाविनाश'
तेहरान ने पार की 'रेड लाइन', दुबई-दोहा में धमाकों से दहशत, ट्रंप की अभूतपूर्व सैन्य बल के इस्तेमाल की धमकी
Iran Israel War : मध्य पूर्व (मिडल ईस्ट) में महायुद्ध की शुरुआत हो गई है। ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई की अमेरिका-इजरायल के संयुक्त हमले में मौत के बाद तेहरान ने भीषण जवाबी कार्रवाई शुरू कर दी है। रविवार को ईरान ने इजरायल और खाड़ी देशों (Gulf States) में स्थित अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर ताबड़तोड़ मिसाइलें दागीं। इस हमले के तुरंत बाद अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को 'दुनिया की सबसे भयानक सैन्य शक्ति' का सामना करने की चेतावनी दी है।
शनिवार को तेहरान स्थित कार्यालय पर हुए हवाई हमले में खामेनेई की मौत ने पूरे क्षेत्र को अस्थिरता की आग में झोंक दिया है। ईरानी कैबिनेट ने इसे "बड़ा अपराध" बताते हुए बदला लेने की कसम खाई है।
ट्रंप की चेतावनी: 'ऐसी ताकत दिखाएंगे जो दुनिया ने कभी नहीं देखी'
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'ट्रुथ सोशल' पर ईरान को सख्त लहजे में चेतावनी दी है। ट्रंप ने लिखा, "ईरान ने कहा है कि वे आज अब तक का सबसे बड़ा हमला करने जा रहे हैं। वे ऐसा न करें तो ही बेहतर है, क्योंकि अगर उन्होंने ऐसा किया, तो हम उन पर ऐसी ताकत (FORCE) से प्रहार करेंगे जो इतिहास में पहले कभी नहीं देखी गई!"
ट्रंप के इस बयान से साफ है कि अमेरिका अपने सहयोगियों के बचाव में किसी भी हद तक जाने को तैयार है। ईरान के रिवोल्यूशनरी गार्ड ने भी पलटवार करते हुए अब तक के "सबसे तीव्र आक्रामक अभियान" की धमकी दी है।
धमाकों से दहले दुबई और दोहा, दूसरे दिन भी आसमान में दिखा बारूद
युद्ध की तपिश अब ईरान और इजरायल से निकलकर पड़ोसी खाड़ी देशों तक पहुँच गई है। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, संयुक्त अरब अमीरात के दुबई और कतर की राजधानी दोहा में रविवार को लगातार दूसरे दिन तेज धमाकों की आवाजें सुनी गईं। ईरान ने स्पष्ट किया है कि वह क्षेत्र में मौजूद सभी अमेरिकी ठिकानों को निशाना बना रहा है। इन धमाकों के बाद खाड़ी देशों में हाई अलर्ट जारी कर दिया गया है और अंतरराष्ट्रीय उड़ानों पर भी असर पड़ा है।
इजरायल का दूसरा बड़ा हमला: ईरान के मिसाइल सिस्टम को बनाया निशाना
इजरायल ने भी रुकने के बजाय रविवार सुबह ईरान पर हवाई हमलों का एक और बड़ा दौर शुरू किया है। इजरायली सेना (IDF) के मुताबिक, ताजा हमलों का मुख्य उद्देश्य ईरान की बैलिस्टिक मिसाइल प्रणाली और वायु रक्षा तंत्र (Air Defence Systems) को पूरी तरह ध्वस्त करना है। ईरानी सरकारी मीडिया ने भी रविवार सुबह तेहरान में भारी विस्फोटों की पुष्टि की है।
ईरान के संसदीय अध्यक्ष मोहम्मद बाघेर कलीबाफ ने टेलीविजन पर दिए संदेश में कहा, "आपने हमारी 'रेड लाइन' पार की है। हम ऐसे विनाशकारी प्रहार करेंगे कि आप खुद भीख मांगने पर मजबूर हो जाएंगे।"
समाचार का विश्लेषण : क्यों गहराया संकट?
मुख्य कारण: शनिवार को अमेरिका और इजरायल के संयुक्त एयरस्ट्राइक में ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई की मौत।
ईरान का रुख : रिवोल्यूशनरी गार्ड और कैबिनेट ने "बदले" को अपना एकमात्र लक्ष्य बताया है।
क्षेत्रीय प्रभाव : दुबई और दोहा जैसे व्यापारिक केंद्रों तक युद्ध पहुँचने से वैश्विक तेल आपूर्ति और अर्थव्यवस्था पर बड़ा खतरा मंडरा रहा है।

