इस्राइल और अमेरिका ने सोमवार को युद्ध का दायरा बढ़ाते हुए ईरान में मिसाइल ठिकानों समेत कई लक्ष्यों पर बमबारी की। उन्होंने ईरान की नौसेना को निशाना बनाया और दावा किया कि उसके मुख्यालय तथा कई युद्धपोतों को नष्ट कर दिया गया है। वहीं, ईरान तथा उसके सहयोगी सशस्त्र समूहों ने इस्राइल, अरब देशों और क्षेत्र में अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर मिसाइलें दागीं। कुवैत में अमेरिकी दूतावास परिसर को निशाना बनाया गया। इस दौरान कुवैत में अमेरिका के तीन लड़ाकू विमान क्रैश हो गये। अमेरिकी सेना ने कहा कि कुवैत ने उसके तीन एफ-15ई स्ट्राइक ईगल विमानों को गलती से मार गिराया, चालक दल के सभी छह सदस्य सुरक्षित हैं।
ईरान समर्थक लेबनानी चरमपंथी संगठन हिजबुल्ला ने भी सीमा पार इस्राइल की ओर मिसाइलें दागीं। इस्राइल के पलटवार से लेबनान में 31 लोगों की मौत हो गयी। ईरानी रेड क्रिसेंट सोसाइटी के अनुसार, ईरान में अब तक कम से कम 555 लोग मारे जा चुके हैं और देश भर के 130 से अधिक शहर हमलों की चपेट में आ चुके हैं। इस्राइली अधिकारियों के अनुसार, इस्राइल में 11 लोग मारे गए हैं।
ईरान के शीर्ष सुरक्षा अधिकारी अली लारीजानी ने संकल्प जताया कि अमेरिका के साथ बातचीत नहीं करेंगे। ईरान ने क्षेत्रीय तेल अवसंरचनाओं को निशाना बनाना शुरू कर दिया है। सऊदी अरब की सरकारी स्वामित्व वाली तेल कंपनी अरामको ने ईरानी ड्रोन हमलों के बाद सोमवार को दम्माम के समीप अपनी रास तानूरा तेल रिफाइनरी को अस्थायी रूप से बंद कर दिया। वहीं, दुनिया के शीर्ष आपूर्तिकर्ताओं में से एक ‘कतर एनर्जी’ ने एलपीजी का उत्पादन बंद करने की घोषणा की है।
इस बीच, संयुक्त राष्ट्र की परमाणु एजेंसी में ईरान के दूत ने सोमवार को आरोप लगाया कि अमेरिकी-इस्राइली हवाई हमलों में ईरान के नतान्ज परमाणु संवर्धन स्थल को निशाना बनाया गया है। हालांकि, इस्राइल और अमेरिका ने परमाणु स्थल पर हमलों की बात को स्वीकार नहीं किया है।
अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि ईरान के खिलाफ चार से पांच सप्ताह तक सैन्य अभियान जारी रह सकता है, लेकिन वह इससे ज्यादा समय के लिए भी तैयार हैं। उन्होंने यह भी कहा कि अभी तक बड़ी कार्रवाई नहीं की है।
ओमान में भारतीय की मौत
ओमान की खाड़ी में मार्शल द्वीप समूह के ध्वज वाले एक तेल टैंकर पर ड्रोन ने बम धमाका किया गया, जिसमें एक नाविक की मौत हो गई। सरकारी समाचार एजेंसी ओमान न्यूज ने बताया कि वह भारतीय था।
पश्चिम एशिया में फंसे पंजाबियों के लिए हेल्पलाइन
चंडीगढ़ : पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने ईरान संकट के कारण प्रभावित देशों में फंसे पंजाबियों की मदद के लिए चौबीस घंटे काम करने वाले हेल्पलाइन नंबर की घोषणा की। मान ने कहा कि राज्य सरकार पश्चिम एशिया के संघर्षग्रस्त देशों में फंसे लोगों की सुरक्षित और त्वरित वापसी सुनिश्चित करने के लिए केंद्र सरकार के साथ निरंतर संपर्क में है। मुख्यमंत्री ने कहा कि मदद के लिए लोग 0172-2260042 और 0172-2260043 पर कॉल कर सकते हैं या +91 9478779112 पर व्हाट्सएप मैसेज भेज सकते हैं।
एतिहाद और अमीरात की कुछ उड़ानें शुरू
दुबई (एजेंसी) : अबू धाबी और दुबई स्थित एयरलाइन कंपनियों ‘एतिहाद’ और ‘अमीरात’ ने सोमवार दोपहर सीमित उड़ानें शुरू कर दीं। दुबई सरकार ने कहा कि एयरलाइन सीमित रूप से परिचालन करेगी और यात्री केवल तभी हवाईअड्डे पर आएं, जब उनसे सीधे संपर्क किया गया हो।
पीएम मोदी ने कई देशों के नेताओं से की बात
नयी दिल्ली (एजेंसी) : पीएम नरेंद्र मोदी ने सोमवार को बहरीन के शाह हम्माद बिन ईसा अल खलीफा और सऊदी अरब के युवराज एवं प्रधानमंत्री मोहम्मद बिन सलमान से फोन पर बात की। उन्होंने पश्चिम एशिया में जारी संघर्ष के दौरान दोनों देशों पर हुए हमलों की निंदा की। प्रधानमंत्री ने कहा कि दोनों देशों पर हुए हालिया हमले उनकी संप्रभुता और क्षेत्रीय अखंडता का उल्लंघन करते हैं। प्रधानमंत्री ने दोनों देशों में रहने वाले भारतीय समुदाय के कुशलक्षेम के बारे में भी बात की। उन्होंने कहा कि क्षेत्रीय शांति और स्थिरता की जल्द से जल्द बहाली अत्यंत महत्वपूर्ण है। इससे पहले प्रधानमंत्री ने इजराइली पीएम बेंजामिन नेतन्याहू और संयुक्त अरब अमीरात के राष्ट्रपति शेख मोहम्मद बिन जायद अल नाह्यान से बात की। नेतन्याहू से बातचीत में उन्होंने हालिया घटनाक्रम को लेकर भारत की चिंताओं से अवगत कराया।

