मेरे पास भारत की स्पिन के खिलाफ परेशानी का कोई पक्का जवाब नहीं, बोले केएल राहुल
कार्यवाहक वनडे कप्तान केएल राहुल ने शनिवार को स्वीकार किया कि उनकी टीम की स्पिन के खिलाफ लगातार संघर्ष करना विशेषकर घरेलू पिचों पर, चिंता का विषय है। हालांकि उनके पास भारत की पारंपरिक रूप से मजबूती में आई गिरावट का कोई जवाब नहीं है।
उनकी यह टिप्पणी पिछले दो सत्र में टेस्ट क्रिकेट में घरेलू पिचों पर स्पिनरों के खिलाफ भारतीय बल्लेबाजी लाइन-अप के बार-बार कमजोर पड़ने के चिंताजनक पैटर्न के बीच आई है जिसमें कभी भारत का दबदबा हुआ करता था। न्यूजीलैंड ने 2024 में और फिर दक्षिण अफ्रीका ने हाल में भारत को क्रमश: 3-0 और 2-0 से हराया। राहुल ने कहा कि हमने पिछले कुछ सत्र में स्पिन अच्छी तरह नहीं खेली है। मुझे सच में नहीं पता कि हम पहले क्यों कर पाते थे और अब क्यों नहीं कर पा रहे। मेरे पास कोई निश्चित जवाब नहीं है।
हम बस इतना कर सकते हैं कि व्यक्तिगत रूप से और बतौर बल्लेबाजी समूह यह देखें कि कैसे बेहतर हो सकते हैं। बल्लेबाजों को तकनीकी और रणनीतिक बदलावों की तलाश करनी होगी और यह एक लंबी प्रक्रिया होगी। यह रातोंरात नहीं बदलने वाला। हम सुधार की जरूरतों को देखेंगे और उम्मीद है कि श्रीलंका और ऑस्ट्रेलिया श्रृंखला तक हम बेहतर तरीके से तैयार रहेंगे। हम उन सीनियर खिलाड़ियों से भी सलाह लेंगे जिन्होंने स्पिन बहुत अच्छी तरह खेली है।
इसी पर चिंता व्यक्त करते हुए पूर्व भारतीय स्पिनर रविचंद्रन अश्विन ने हाल में कहा था कि स्पिन के खिलाफ भारत की लचर बल्लेबाजी ने उन्हें शायद दुनिया की सबसे कमजोर स्पिन खेलने वाली टीमों में से एक बना दिया है। राहुल ने कहा कि भारतीय बल्लेबाजों को व्यक्तिगत तौर पर जवाब ढूंढ़ने होंगे और अगर वे स्पिन के खिलाफ अपनी पारंपरिक बढ़त वापस पाना चाहते हैं, तो अपनी तकनीक में सुधार करना होगा। उन्होंने अभी तक रांची की पिच का मुआयना नहीं किया है, लेकिन पिछले वनडे के आधार पर बल्लेबाजी के लिए अच्छे विकेट की उम्मीद है।
इतिहास देखें तो यह रन बनाने वाली पिच है। हम कल इसका आकलन करेंगे और ऐसी टीम चुनेंगे जो हमें जीतने का सबसे अच्छा मौका दे। विराट कोहली के कड़े ट्रेनिंग सत्र के बारे में पूछे जाने पर राहुल ने वनडे प्रारूप में स्ट्राइक रोटेशन के महत्व को स्वीकार किया। उन्होंने कहा कि वनडे में एक एक रन भी उतने ही महत्वपूर्ण हैं जितने चौके-छक्के। विराट इसमें माहिर हैं। हम सभी उनसे सीखते रहते हैं। वह वापसी को लेकर उत्साहित हैं और उनकी मौजूदगी हमेशा अहम होती है। कोहली और रोहित शर्मा दोनों टीम में लौट रहे हैं।
राहुल ने कहा कि किसी भी समय उन दोनों का महत्व बहुत बड़ा है। टीम में सीनियर खिलाड़ियों का होना ड्रेसिंग रूम को अधिक आत्मविश्वास देता है। हम बहुत खुश हैं कि वे यहां हैं। जीत सबसे जरूरी चीज है और हम उसी पर ध्यान दे रहे हैं। राहुल ने रविंद्र जडेजा की भी वापसी का स्वागत किया जो मार्च में आईसीसी चैंपियंस ट्रॉफी के बाद पहली बार टीम से जुड़ रहे हैं।
जड्डू ने भारत के लिए बार बार अच्छा प्रदर्शन किया है। उनका अनुभव हमारे लिए बहुत बड़ा है। रुतुराज गायकवाड़ जैसे खिलाड़ी एक स्थिर शीर्ष क्रम के कारण नियमित रूप से बाहर रह जाते हैं लेकिन मौके आएंगे। राहुल ने कहा कि अंतिम एकादश बाद में तय की जाएगी और उन्होंने ऋषभ पंत को शुरुआत देने के बारे में कुछ नहीं कहा। हालांकि यह माना कि पंत सिर्फ बल्लेबाज के तौर पर भी खेल सकते हैं।
