पंजाब के स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्री डॉ. बलबीर सिंह ने शुक्रवार को सरकारी महिंद्रा कॉलेज, पटियाला में 'युद्ध नशों के खिलाफ' अभियान के तहत आयोजित एक दिवसीय क्षमता निर्माण प्रशिक्षण कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में भाग लिया। यह प्रशिक्षण कार्यक्रम सहायक और सरकारी कॉलेजों के नोडल अधिकारियों के लिए आयोजित किया गया था, जिसका मुख्य उद्देश्य युवाओं में नशे की रोकथाम संबंधी जागरूकता को मजबूत करना था।डॉ. बलबीर सिंह ने कहा कि मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के नेतृत्व में पंजाब सरकार नशामुक्त और रंगला पंजाब बनाने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने सरकार द्वारा चल रही 10 लाख रुपये की इंश्योरेंस योजना के बारे में जानकारी दी। उन्होंने बताया कि राज्य सरकार सड़कें, स्वास्थ्य, शिक्षा, 24 घंटे बिजली आपूर्ति, पार्क और खेल मैदानों के विकास, बाढ़ से राहत जैसे अनेक लोकहितकारी कार्य कर रही है, जिनके माध्यम से पंजाब को खुशहाल और रंगला बनाया जा रहा है।इस कार्यक्रम का संचालन सरकारी महिंद्रा कॉलेज, पटियाला की प्रिंसिपल डॉ. निष्ठा त्रिपाठी ने किया। उन्होंने कहा कि शैक्षणिक संस्थाओं की भूमिका जागरूक, जिम्मेदार और स्वस्थ युवा तैयार करने में बहुत महत्वपूर्ण है। उन्होंने नोडल अधिकारियों से अपील की कि वे कॉलेजों और विश्वविद्यालयों में नशा विरोधी गतिविधियों को लगातार प्रोत्साहित करें।इस मौके पर संबोधन करते हुए स्वास्थ्य मंत्री डॉ. बलबीर सिंह ने अध्यापकों से अपील की कि वे बच्चों में नशामुक्ति के बारे में जागरूकता फैलाएं और उनके आहार-व्यवहार पर विशेष ध्यान दें। यह प्रशिक्षण कार्यक्रम पंजाब सरकार के उच्च शिक्षा विभाग और डेटा इंटेलिजेंस एवं तकनीकी सहायता इकाई द्वारा भारत सरकार की “नेशनल एक्शन प्लान फॉर ड्रग डिमांड रिडक्शन” योजना के तहत आदित्य बिरला एजुकेशन ट्रस्ट के सहयोग से संयुक्त रूप से आयोजित किया गया। इस कार्यक्रम का तालमेल नोडल अधिकारी डॉ. गुरप्रीत कौर संधू ने किया