फ्लैट बिक्री के एग्रीमेंट में की हेराफेरी, जालसाजी-धोखाधड़ी का मामला दर्ज
एसपी के निर्देश कार्रवाई शुरू
आईटी सिटी थाना पुलिस ने सेक्टर-66ए स्थित केएलवी सिग्नेचर टावर्स में फ्लैट बिक्री के एक एग्रीमेंट में छेड़छाड़ के आरोप में जालसाजी और धोखाधड़ी का मामला दर्ज किया है। शिकायत पर पुलिस ने आरोपी के खिलाफ विभिन्न धाराओं के तहत एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
आरोपी की पहचान अतुल गोसैन सेक्टर-66ए के रूप में हुई है। फ्लैट एफ-702 के मालिक पारस कुमार पोपलानी और उनकी पत्नी अवनीत कौर ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि अगस्त 2021 में उन्होंने कारोबारी जरूरतों के चलते अपना फ्लैट बेचने की संभावना पर पड़ोसी अतुल गोसैन निवासी फ्लैट एफ-602 से संपर्क किया था। दोनों पक्षों के बीच 18 सितंबर 2021 को एक एग्रीमेंट टू सेल हुआ, जिसमें फ्लैट की कीमत 2 करोड़ 22 लाख रुपये तय की गई। यह भी तय हुआ कि सौदा अंतिम रूप से “बार्गेन” फाइनल होने के बाद ही पूरा किया जाएगा।
शिकायतकर्ताओं के अनुसार, आरोपी ने बतौर एग्रीमेंट 48 लाख रुपये आरटीजीएस और 7 लाख रुपये नकद दिए थे। बाद में मार्च 2022 में आपसी सहमति से सौदा रद्द कर दिया गया और पूरी रकम आरोपी को वापस लौटा दी गई। इसके बावजूद आरोपी ने एग्रीमेंट के क्लॉज नंबर 11 में पेन से 15 मार्च 2022 से पहले रजिस्ट्री लिखकर कथित तौर पर जाली हस्ताक्षर कर दिए। आरोप है कि इसी छेड़छाड़ किए गए दस्तावेज के आधार पर आरोपी ने शिकायतकर्ताओं के खिलाफ सिविल केस दायर कर दिया।
नोटिस मिलने पर शिकायतकर्ताओं को इस जालसाजी की जानकारी हुई। बाद में अदालत की अनुमति से कराई गई फोरेंसिक जांच में हस्तलेखन विशेषज्ञ ने हस्ताक्षरों को जाली बताया। मामले की जांच स्पेशल ब्रांच और क्रिमिनल इंटेलिजेंस द्वारा की गई, जिसमें दस्तावेज से छेड़छाड़ और धोखाधड़ी के आरोप प्रथम दृष्टया सही पाए गए। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक की मंजूरी के बाद थाना आईटी सिटी मोहाली में आरोपी अतुल गोसैन के खिलाफ आईपीसी की धाराएं 420, 465, 467, 471 और 474 के तहत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस का कहना है कि मामले की गहन जांच की जा रही है और सभी तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

