पढ़ने के लिए पूरा अखबार नहीं मिलता; ट्विशा की सास गिरिबाला सिंह ने जेल प्रशासन पर उठाए सवाल, कोर्ट से की अजीब मांग
पूर्व जज गिरिबाला सिंह ने वकीलों से मिलने के लिए मांगा ज्यादा समय
Twisha Death Case : मध्य प्रदेश के चर्चित ट्विशा मौत मामले में कोर्ट में सुनवाई के दौरान एक नया और दिलचस्प मोड़ देखने को मिला। जेल में बंद ट्विशा की सास और पूर्व जज गिरिबाला सिंह ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए पेशी के दौरान अदालत के सामने अपनी कई शिकायतें रखीं।
अखबार पढ़ने को लेकर उठाया सवाल
गिरिबाला सिंह ने कोर्ट को बताया कि जेल प्रशासन उन्हें रोजाना एक हिंदी और एक अंग्रेजी अखबार देता है, लेकिन अखबार का वह हिस्सा पहले ही काट दिया जाता है जिसमें ट्विशा मौत मामले से जुड़ी खबरें होती हैं। अपने केस से संबंधित खबरें पढ़ने का पूरा अधिकार मिलना चाहिए और मुझे बिना काट-छांट वाला अखबार उपलब्ध कराया जाए।
वकीलों से मिलने के लिए मांगा ज्यादा समय
सुनवाई के दौरान गिरिबाला सिंह ने यह भी कहा कि उन्हें और उनके बेटे समर्थ को अपने वकीलों से बातचीत के लिए समय नहीं मिल रहा है। फिलहाल दोनों को केवल 20 मिनट की मुलाकात की अनुमति है। इतने कम समय में केस की पूरी तैयारी करना मुश्किल होता है इसलिए उन्होंने अदालत से मुलाकात का समय बढ़ाने की मांग की।
दवाइयों की जब्ती सूची पर भी उठे सवाल
गिरिबाला सिंह ने कोर्ट को बताया कि पुलिस ने उनके घर से ट्विशा की कुछ दवाइयां जब्त की थीं, लेकिन अब तक उनकी जब्ती सूची यानी सीजर मेमो उन्हें या उनके वकीलों को नहीं सौंपा गया है। इस मुद्दे को अदालत ने गंभीरता से लिया। मामले की सुनवाई के दौरान अदालत ने जांच एजेंसियों को निर्देश दिया कि जब्त की गई दवाइयों का सीजर मेमो जल्द से जल्द आरोपी पक्ष के वकीलों को उपलब्ध कराया जाए।

