Market Crash : बाजार में कोहराम, पश्चिम एशिया संकट से शेयर बाजार पस्त, सेंसेक्स 1191 अंक टूटा
Market Crash : पश्चिम एशिया में जारी युद्ध और कच्चे तेल की कीमतों में उछाल का असर सोमवार को भारतीय शेयर बाजार पर साफ दिखाई दिया। सप्ताह के पहले कारोबारी दिन ही घरेलू शेयर बाजार भारी गिरावट के साथ खुले।...
Market Crash : पश्चिम एशिया में जारी युद्ध और कच्चे तेल की कीमतों में उछाल का असर सोमवार को भारतीय शेयर बाजार पर साफ दिखाई दिया। सप्ताह के पहले कारोबारी दिन ही घरेलू शेयर बाजार भारी गिरावट के साथ खुले। विदेशी निवेशकों द्वारा बड़े पैमाने पर बिकवाली करने से निवेशकों में अफरा-तफरी का माहौल रहा, जिससे सेंसेक्स और निफ्टी दोनों ही प्रमुख सूचकांक धड़ाम हो गए।
शुरुआती कारोबार के दौरान 30 शेयरों वाला बीएसई (BSE) सेंसेक्स 1,191.24 अंक की भारी गिरावट के साथ 72,391.98 के स्तर पर आ गया। इसी तरह नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का निफ्टी (NSE Nifty) भी 349.45 अंक टूटकर 22,470.15 पर कारोबार करता देखा गया। बाजार में इस गिरावट की मुख्य वजह वैश्विक तनाव और विदेशी संस्थागत निवेशकों (FII) का भारतीय बाजार से मोहभंग होना माना जा रहा है।
विदेशी निवेशकों ने मार्च में निकाले 1.14 लाख करोड़
बाजार के जानकारों के अनुसार, पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव और कमजोर होते रुपये ने निवेशकों की चिंता बढ़ा दी है। इसके अलावा, कच्चे तेल की ऊंची कीमतों से भारत की विकास दर प्रभावित होने की आशंका के चलते विदेशी निवेशकों ने अकेले मार्च महीने में ही घरेलू शेयरों से करीब 1.14 लाख करोड़ रुपये (लगभग 12.3 अरब डॉलर) निकाल लिए हैं। यह अब तक का किसी भी एक महीने में सबसे बड़ा बहिर्वाह (आउटफ्लो) दर्ज किया गया है।
सेंसेक्स की प्रमुख कंपनियों में एक्सिस बैंक, कोटक महिंद्रा बैंक, बजाज फिनसर्व, बजाज फाइनेंस, भारती एयरटेल और आईसीआईसीआई बैंक के शेयरों में सबसे ज्यादा गिरावट दर्ज की गई। हालांकि, इस विपरीत माहौल में भी भारत इलेक्ट्रॉनिक्स, रिलायंस इंडस्ट्रीज, पावर ग्रिड, टीसीएस और हिंदुस्तान यूनिलीवर जैसी कंपनियों के शेयर हरे निशान में कारोबार करते दिखे।
कच्चे तेल और वैश्विक बाजारों का दबाव
अंतरराष्ट्रीय बाजार में तेल के मानक ब्रेंट क्रूड की कीमत फिलहाल 115.3 अमेरिकी डॉलर प्रति बैरल के आसपास बनी हुई है। वैश्विक स्तर पर एशियाई बाजारों में दक्षिण कोरिया का कॉस्पी, जापान का निक्की और हांगकांग का हैंग सेंग भी भारी गिरावट के साथ कारोबार कर रहे हैं। वहीं अमेरिकी बाजार भी बीते शुक्रवार को भारी गिरावट के साथ बंद हुए थे, जिसका सीधा असर सोमवार को भारतीय बाजार की ओपनिंग पर पड़ा।
शुक्रवार को विदेशी संस्थागत निवेशकों (FII) ने बाजार से 4,367.30 करोड़ रुपये के शेयर बेचे थे। हालांकि, घरेलू संस्थागत निवेशकों (DII) ने 3,566.15 करोड़ रुपये की खरीदारी कर बाजार को संभालने की कोशिश की थी, लेकिन वैश्विक दबाव के आगे यह कोशिश नाकाफी साबित हुई।

