शायद पायलट ने तय किया होगा कि 'राजा' को हटाने का वक्त आ गया, पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष पद से इस्तीफे के बाद बोले वड़िंग
राहुल गांधी से मुलाकात के बाद पत्नी के साथ बंगला साहिब पहुंचे वड़िंग; बोले- साढ़े चार साल का कार्यकाल संतोषजनक रहा, पार्टी ने जो दिया उसे पूरी निष्ठा से स्वीकार किया
पंजाब कांग्रेस के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग ने शुक्रवार को कांग्रेस के केंद्रीय नेतृत्व के साथ अपनी मुलाकात को लेकर कहा कि उन्होंने पार्टी नेता राहुल गांधी से पंजाब से जुड़े सवालों पर चर्चा की और अपने विचार साझा किए। राहुल गांधी से मुलाकात के बाद वड़िंग अपनी पत्नी के साथ दिल्ली स्थित गुरुद्वारा बंगला साहिब पहुंचे और अरदास की।
वड़िंग ने राहुल गांधी को पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष पद से अपना इस्तीफा औपचारिक रूप से सौंप दिया है। वड़िंग ने बृहस्पतिवार को अपने ‘एक्स’ प्रोफाइल के बायो में खुद को ‘पूर्व पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष’ बताया था। इसके बाद उनके पद से हटने को लेकर चर्चाएं तेज हो गई थीं।
वड़िंग ने कहा कि उन्होंने राहुल गांधी के सवालों का जवाब दिया और पंजाब को लेकर अपनी बात रखी। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी ने उनसे काफी स्नेह से बात की। उन्होंने कहा कि इसके बाद वह और उनकी पत्नी सीधे गुरुद्वारा बंगला साहिब अरदास करने पहुंचे।
‘कार्यकाल लंबा या छोटा हो, यादगार होना चाहिए’
अपने राजनीतिक कार्यकाल को लेकर वड़िंग ने कहा कि कार्यकाल लंबा हो या छोटा, ऐसा होना चाहिए जिसे लोग याद रखें। उन्होंने कहा कि मंत्री के तौर पर उनका कार्यकाल भी ऐसा ही रहा और उन्हें जो कुछ मिला, उसके लिए वह आभारी हैं।
#WATCH | Delhi | On meeting with Congress central leadership, Congress MP Amarinder Singh Raja Warring says, "...I met my leader, Rahul Gandhi. I answered the questions he asked about Punjab and shared my thoughts. He showed great affection. After that meeting, my wife and I came… pic.twitter.com/HmboLbJfPc
— ANI (@ANI) October 2, 2026
वड़िंग ने कहा कि पंजाब कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष के तौर पर करीब साढ़े चार साल के कार्यकाल के बाद वह संतुष्ट हैं। उन्होंने कहा कि अब जो भी होगा, अच्छे के लिए होगा। उन्होंने कहा, “पार्टी ने जो कुछ दिया, मैंने उसे खुशी से स्वीकार किया और पार्टी के आदेश का पालन किया।”
सचिन पायलट को लेकर क्या बोले वड़िंग?
पंजाब कांग्रेस प्रभारी सचिन पायलट के साथ अपने संबंधों को लेकर वड़िंग ने कहा कि जब पायलट को पंजाब का प्रभारी बनाया गया था, तब वह औपचारिक रूप से उन्हें बधाई देने गए थे। उन्होंने बताया कि उस दिन दोनों के बीच करीब 15 मिनट बातचीत हुई थी, लेकिन उसके बाद उनकी पायलट से मुलाकात नहीं हुई।
वड़िंग ने कहा कि अपने लंबे राजनीतिक अनुभव के आधार पर उन्हें लगता है कि शायद सचिन पायलट ने तय किया होगा कि ‘राजा’ को पद से हटाने का समय आ गया है। हालांकि उन्होंने स्पष्ट किया कि उनके पास इसका कोई ठोस प्रमाण नहीं है। वड़िंग ने कहा, “शायद महासचिव ने महसूस किया कि राजा को हटा दिया जाना चाहिए। इसके अलावा कोई खास मुद्दा नहीं है।”
‘राहुल गांधी को जो कहना था, कह दिया’
वड़िंग ने कहा कि उन्होंने राहुल गांधी के सामने अपनी बात रख दी है। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी के बाद ऐसा कोई व्यक्ति नहीं है, जिसके सामने वह यह बता सकें कि पंजाब में क्या होना चाहिए और क्या नहीं होना चाहिए।
पंजाब कांग्रेस में नेतृत्व परिवर्तन को लेकर पिछले कुछ समय से चर्चा चल रही थी। कांग्रेस के केंद्रीय नेतृत्व ने सितंबर में सचिन पायलट को पंजाब का प्रभारी बनाया था। इसके बाद पायलट ने राज्य के नेताओं और सांसदों से बातचीत कर संगठन को लेकर फीडबैक लिया था।
वड़िंग ने एक अक्टूबर को सोशल मीडिया प्रोफाइल में खुद को ‘Former Punjab Congress President’ बताया था। इसके बाद उनके प्रदेश अध्यक्ष पद से हटने की पुष्टि की खबरें सामने आईं।

