अंकिता भंडारी के माता-पिता से मिले राहुल गांधी, बोले- 4 साल बाद भी परिवार को न्याय का इंतजार
भाजपा में बलात्कारियों का बचाव करने वालों की भरमार: राहुल
कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने उत्तराखंड के चर्चित अंकिता भंडारी मामले की पीड़िता के माता-पिता से मुलाकात के बाद आज कहा कि घटना को चार साल बीत जाने के बावजूद परिवार बेटी के लिए न्याय का इंतजार कर रहा है। उन्होंने यह आरोप भी लगाया कि बलात्कारियों की रक्षा करने वालों की भाजपा में भरमार है। लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष ने अंकिता के माता-पिता से बीते कल यहां मुलाकात की थी।
राहुल गांधी ने 'एक्स' पर एक पोस्ट में कहा कि चार साल बीत चुके हैं, लेकिन आज भी वो न्याय का इंतजार कर रहे हैं, अपनी बच्ची के खिलाफ एक ऐसे अपराध के लिए जिसकी कोई माफी नहीं। सिर्फ 19 साल की अंकिता वनंतरा रिजॉर्ट में रिसेप्शनिस्ट थीं जहां एक 'वीआईपी' मेहमान की शर्मनाक मांग का विरोध करने पर चीला नहर में डुबो कर उनकी हत्या कर दी गई।
कांग्रेस नेता ने दावा किया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट ने ''हिंसा और डुबोने के सबूतों की पुष्टि'' की थी। उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि रिजॉर्ट में अंकिता के कमरे को किसी भी तरह की जांच होने से पहले ध्वस्त क्यों कर दिया गया? राज्य सरकार खुद आज तक उस 'वीआईपी' को संरक्षण दे रही है। क्यों? क्योंकि वह भाजपा-आरएसएस का बड़ा नेता है।
उन्होंने भाजपा पर निशाना साधते हुए कहा कि यही भाजपा की विकृत मानसिकता है बलात्कारियों और अपराधियों को बचाना, उनका राजनीतिक संरक्षण करना, यहां तक कि बलात्कार के दोषियों का फूल-मालाओं से स्वागत करना। दुनिया में सबसे घिनौने इंसान वो होते हैं जो बलात्कारियों की रक्षा करते हैं और भाजपा में ऐसे लोगों की भरमार है।
उन्होंने कहा कि भारत तब तक आगे नहीं बढ़ सकता जब तक महिलाओं को पुरुषों के इस्तेमाल की वस्तु समझने वाली ''यह अमानवीय मानसिकता'' खत्म नहीं होती। भारत तभी आगे बढ़ेगा, जब भारत की महिलाएं आगे बढ़ेंगी - सम्मान, सुरक्षा, समानता और न्याय के साथ।
उत्तराखंड की 19 वर्षीय अंकिता भंडारी उत्तराखंड के पौड़ी गढ़वाल जिले में स्थित वनंतरा रिजॉर्ट में रिसेप्शनिस्ट के रूप में काम करती थी। सितंबर, 2022 में उसके लापता होने के बाद शव चिल्ला नहर से बरामद हुआ था। मामले में रिजॉर्ट के मालिक पुलकित आर्य और दो अन्य कर्मचारियों को गिरफ्तार किया गया।

