Tribune
PT
Subscribe To Print Edition About the Dainik Tribune Code Of Ethics Advertise with us Classifieds Download App
Add Tribune As Your Trusted Source
search-icon-img
Advertisement

Punjab Congress: अध्यक्ष बदलने की चर्चा तेज, राहुल गांधी के करीबी विजय इंदर सिंगला का नाम सबसे आगे

2027 विधानसभा चुनाव से पहले संगठन में बदलाव की अटकलें; पूर्व सांसद सिंगला को प्रदेश कांग्रेस की कमान सौंपे जाने की चर्चा, कई मौजूदा सांसद भी दौड़ में

  • fb
  • twitter
  • whatsapp
  • whatsapp
featured-img featured-img
कांग्रेस नेता राहुल गांधी और विजय इंदर सिंगला। ट्रिब्यून फाइल फोटो
Advertisement

पंजाब कांग्रेस में प्रदेश अध्यक्ष को बदलने की चर्चा एक बार फिर तेज हो गई है। सूत्रों के मुताबिक अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी (AICC) के संयुक्त कोषाध्यक्ष और संगरूर से पूर्व लोकसभा सांसद विजय इंदर सिंगला का नाम नए प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष के लिए सबसे आगे चल रहा है। मौजूदा प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग को जल्द बदले जाने की संभावना जताई जा रही है।

सिंगला पहले भी प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष पद के लिए प्रमुख दावेदार माने जा रहे थे, लेकिन उस समय पंजाब भाजपा की ओर से केवल सिंह ढिल्लों को प्रदेश अध्यक्ष बनाए जाने के बाद कांग्रेस ने अपनी रणनीति पर दोबारा विचार किया। पार्टी ने 2027 के विधानसभा चुनाव से पहले प्रदेश संगठन की कमान किसे सौंपी जाए, इस पर मंथन शुरू किया।

Advertisement

सचिन पायलट की नियुक्ति के बाद फिर बढ़ी चर्चा

पंजाब कांग्रेस में नेतृत्व परिवर्तन की चर्चा उस समय फिर तेज हुई जब कांग्रेस ने भूपेश बघेल की जगह सचिन पायलट को पंजाब मामलों का प्रभारी महासचिव नियुक्त किया। हाल ही में द ट्रिब्यून को दिए एक विशेष साक्षात्कार में पायलट ने भी पंजाब कांग्रेस में नेतृत्व परिवर्तन की संभावना से इनकार नहीं किया था।

Advertisement

पार्टी से जुड़े सूत्रों के मुताबिक प्रदेश अध्यक्ष पद के लिए किसी हिंदू चेहरे को जिम्मेदारी देने पर भी विचार किया जा रहा है। सूत्रों का तर्क है कि इससे मुख्यमंत्री पद के लिए विभिन्न सिख नेताओं के लिए भी चुनाव के बाद संभावनाएं खुली रह सकती हैं। हालांकि कांग्रेस की ओर से इस संबंध में अभी कोई आधिकारिक घोषणा नहीं की गई है।

लोकसभा सांसदों को विधानसभा चुनाव से दूर रखने की रणनीति?

सूत्रों के अनुसार कांग्रेस पंजाब में केरल की तर्ज पर संगठनात्मक रणनीति पर भी विचार कर सकती है। इसके तहत प्रदेश की कमान राज्य स्तर के नेताओं को दी जा सकती है, जबकि लोकसभा सांसदों को पर्दे के पीछे से विधानसभा चुनाव अभियान की जिम्मेदारी दी जा सकती है।

इस रणनीति के तहत मौजूदा लोकसभा सांसदों को 2027 का विधानसभा चुनाव लड़ने के लिए नहीं कहा जा सकता, क्योंकि पार्टी लोकसभा में अपनी मौजूदा सीटों को बनाए रखने पर भी ध्यान देगी। राजा वड़िंग, पूर्व मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी, सुखजिंदर सिंह रंधावा और गुरजीत सिंह औजला मौजूदा लोकसभा सांसद हैं।

सिंगला के पक्ष में क्या है?

विजय इंदर सिंगला पंजाब सरकार में पूर्व मंत्री रह चुके हैं और संगरूर से लोकसभा सांसद भी रहे हैं। फिलहाल वह AICC के संयुक्त कोषाध्यक्ष हैं और कांग्रेस कार्यसमिति के सदस्य भी हैं। उनके पास AICC की संपत्तियों और परिसंपत्तियों से संबंधित जिम्मेदारी भी है।

सिंगला पंजाब सरकार में शिक्षा, लोक निर्माण विभाग (PWD) और आईटी मंत्री रह चुके हैं। कांग्रेस नेता राहुल गांधी के करीबी नेताओं में उनकी गिनती की जाती है।

जल्द हो सकता है ऐलान

कांग्रेस से जुड़े सूत्रों का कहना है कि पंजाब प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष के नाम की घोषणा कभी भी की जा सकती है। हालांकि पार्टी की ओर से अभी तक राजा वड़िंग को हटाने या सिंगला को नया प्रदेश अध्यक्ष नियुक्त करने की कोई आधिकारिक घोषणा नहीं की गई है।

Advertisement
×