पीएम मोदी ने IIT Delhi में बेटियों की कम भागीदारी पर जताई चिंता, पदकों का किया जिक्र
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने शनिवार को कहा कि उनकी इच्छा है कि आईआईटी दिल्ली के दीक्षांत समारोह में पदक और पुरस्कार पाने वालों में लड़कियां भी शामिल हों। उन्होंने अकादमिक क्षेत्र में उत्कृष्टता हासिल करने में महिलाओं की अधिक भागीदारी...
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने शनिवार को कहा कि उनकी इच्छा है कि आईआईटी दिल्ली के दीक्षांत समारोह में पदक और पुरस्कार पाने वालों में लड़कियां भी शामिल हों। उन्होंने अकादमिक क्षेत्र में उत्कृष्टता हासिल करने में महिलाओं की अधिक भागीदारी की आवश्यकता पर जोर दिया।
आईआईटी दिल्ली के 57वें दीक्षांत समारोह में स्नातक छात्रों को संबोधित करते हुए मोदी ने कहा, "क्योंकि आप सिर्फ एक डिग्री नहीं ले रहे हैं; आप देश के लिए बहुत कुछ करने के सपने लेकर यहां से जा रहे हैं।" अपनी उपलब्धियों के लिए पदक और पुरस्कार पाने वाले छात्रों को बधाई देते हुए उन्होंने कहा, "अगर एक-दो बेटियां भी होतीं तो और भी अच्छा होता। माफ कीजिए। सिर्फ एक-दो क्यों? उनकी संख्या और ज्यादा होनी चाहिए थी।"
पढ़ाई-लिखाई में शानदार प्रदर्शन को देखते हुए, प्रधानमंत्री ने मेधावी छात्रों को संस्थान के सबसे प्रतिष्ठित सम्मान प्रदान किए, जिनमें राष्ट्रपति स्वर्ण पदक, निदेशक स्वर्ण पदक, शंकर दयाल शर्मा स्वर्ण पदक और परफेक्ट टेन स्वर्णपदक शामिल थे। समारोह के दौरान 587 पीएचडी शोधार्थियों समेत 3,000 से ज्यादा स्नातकों को डिग्री प्रदान की गयी।
प्रधानमंत्री ने आईआईटी दिल्ली के सोनीपत परिसर में स्थापित एआई-संचालित उच्च-प्रदर्शन सुपरकंप्यूटिंग सुविधा 'परम प्रज्ञा' का भी उद्घाटन किया। उम्मीद है कि यह अत्याधुनिक सुविधा कृत्रिम बुद्धिमत्ता, डेटा साइंस, उन्नत कंप्यूटिंग और अंतःविषय अनुसंधान क्षमताओं के क्षेत्रों में संस्थान की क्षमताओं को काफी बढ़ाएगी।

