Mohit Chauhan Cremation: झज्जर में शहीद मोहित चौहान को अंतिम विदाई, पूरे सैन्य सम्मान के साथ हुआ अंतिम संस्कार
Mohit Chauhan Cremation: पिछले नवंबर में मनाई थी शादी की पहली सालगिरह, पत्नी हैं दो महीने से अधिक की गर्भवती
Mohit Chauhan Cremation: जम्मू-कश्मीर के डोडा जिले में हुए दर्दनाक सड़क हादसे में शहीद हुए भारतीय सेना के जवान मोहित चौहान (26) का पार्थिव शरीर शनिवार को हरियाणा के झज्जर जिले के उनके पैतृक गांव गिजरौध में पूरे सैन्य सम्मान के साथ पंचतत्व में विलीन किया गया। हादसा गुरुवार को उस समय हुआ था, जब सेना का एक बख्तरबंद वाहन पहाड़ी सड़क से फिसलकर गहरी खाई में गिर गया, जिसमें 10 जवानों की शहादत हो गई।
शहीद मोहित के छोटे भाई ने उन्हें मुखाग्नि दी। अंतिम संस्कार के दौरान गांव और आसपास के क्षेत्रों से बड़ी संख्या में लोग पहुंचे और नम आंखों से वीर जवान को अंतिम विदाई दी। इस अवसर पर पूर्व मंत्री और भाजपा के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष ओम प्रकाश धनखड़ भी मौजूद रहे।
इससे पहले, शहीद का पार्थिव शरीर सेना के वाहन से गांव लाया गया, जिसे फूलों से सजाया गया था। युवाओं ने दोपहिया वाहनों पर चलकर काफिले का स्वागत किया और “मोहित भाई अमर रहें”, “भारत माता की जय” और “जब तक सूरज-चांद रहेगा, तब तक मोहित तेरा नाम रहेगा” जैसे देशभक्ति नारों से माहौल गूंज उठा। सेना के जवानों ने हवा में सलामी फायर कर शहीद को श्रद्धांजलि दी।
मोहित चौहान अपने माता-पिता, पत्नी और छोटे भाई को पीछे छोड़ गए हैं। उन्होंने करीब पांच साल पहले भारतीय सेना ज्वाइन की थी। नवंबर में वे आखिरी बार गांव आए थे और दिसंबर में जम्मू में ड्यूटी पर लौटे थे। उन्होंने नवंबर में अपनी शादी की पहली सालगिरह मनाई थी। उनकी पत्नी दो महीने से अधिक गर्भवती हैं।
गांव के सरपंच नरेश ने बताया कि मोहित सेना सेवा को लेकर बेहद जुनूनी थे और छुट्टी के दौरान गांव के युवाओं को सेना में भर्ती होने के लिए प्रेरित करते थे। उन्होंने कई युवाओं को लिखित और शारीरिक परीक्षा की तैयारी में मार्गदर्शन दिया, जिसके चलते हाल ही में कई युवक अग्निवीर के रूप में सेना में भर्ती हुए।

