Tribune
PT
Subscribe To Print Edition About the Dainik Tribune Code Of Ethics Advertise with us Classifieds Download App
Add Tribune As Your Trusted Source
search-icon-img
Advertisement

Maharashtra Drowning Accident: दिवेआगर बीच पर पिकनिक बनी मातम, समुद्र में डूबे 8 छात्रों की मौत

पुलिस और स्थानीय प्रशासन की टीमों ने मौके पर पहुंचकर तलाशी

  • fb
  • twitter
  • whatsapp
  • whatsapp
Advertisement

महाराष्ट्र के रायगढ़ जिले के प्रसिद्ध दिवेआगर बीच पर गुरुवार को बड़ा हादसा हो गया। पुणे के एक निजी कोचिंग संस्थान से पिकनिक मनाने पहुंचे आठ छात्रों की अरब सागर में डूबने से मौत हो गई। पुलिस के मुताबिक, सभी आठ छात्रों के शव बरामद कर लिए गए हैं।

पुलिस के अनुसार, पुणे जिले के आलंदी स्थित निजी कोचिंग संस्थान 'Winners Academy' के 11वीं और 12वीं कक्षा के छात्र पिकनिक के लिए दिवेआगर पहुंचे थे। समूह में कुल 48 लोग शामिल थे, जिनमें 25 लड़के, 17 लड़कियां और छह शिक्षक थे।

Advertisement

समुद्र में उतरे 8 छात्र

पुलिस अधिकारी के मुताबिक, आठ छात्र समुद्र में चले गए। बताया गया कि छात्रों ने पानी की गहराई और तेज बहाव का सही अंदाजा नहीं लगाया, जिसके कारण वे समुद्र की लहरों और करंट की चपेट में आकर बह गए।

Advertisement

घटना की सूचना मिलते ही पुलिस और स्थानीय प्रशासन की टीमों ने मौके पर पहुंचकर तलाशी व बचाव अभियान शुरू किया। अभियान के दौरान सभी आठ छात्रों के शव बरामद कर लिए गए।

मौके पर पुलिस और प्रशासन की टीमें मौजूद

दिवेआगर बीच दिग्घी तटीय पुलिस थाने के अधिकार क्षेत्र में आता है और मुंबई से करीब 170 किलोमीटर दूर स्थित है। यह क्षेत्र अपने समुद्र तट और ऐतिहासिक मंदिरों के लिए जाना जाता है। हादसे के बाद पुलिस और स्थानीय प्रशासन के अधिकारी मौके पर मौजूद हैं और आगे की कानूनी एवं प्रशासनिक कार्रवाई की जा रही है।

विधायक ने सुरक्षा व्यवस्था पर उठाए सवाल

हादसे पर अलीबाग विधानसभा क्षेत्र से शिवसेना विधायक महेंद्र दलवी ने दुख जताया। उन्होंने स्थानीय प्रशासन की ओर से पर्याप्त सुरक्षा इंतजाम नहीं होने पर निराशा व्यक्त की। दलवी ने कहा कि दिवेआगर में इस तरह की घटनाएं बार-बार होती हैं, इसलिए प्रशासन को सुरक्षा के इंतजाम करने चाहिए। कम उम्र के बच्चे समुद्र में हाई टाइड, पानी की गहराई और बहाव से जुड़े खतरे का अंदाजा नहीं लगा सकते।

उन्होंने कहा कि यदि छात्रों को समुद्र के बदलते मिजाज और पानी में जाने के जोखिम के बारे में उचित तरीके से समझाया गया होता और उन्हें समुद्र में जाने से रोका गया होता, तो यह दुखद घटना टाली जा सकती थी। विधायक ने स्थानीय विधायक और सांसद से भी मामले पर ध्यान देने और समुद्र तट पर सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा करने की अपील की।

Advertisement
×