Himachal Weather : बर्फीली हवाओं के बीच हिमाचल में घना कोहरा, मौसम विभाग ने ‘येलो वार्निंग' की जारी
अधिक ऊंचाई वाले आदिवासी क्षेत्र, ऊंचे इलाके और पर्वतीय दर्रे आर्कटिक जैसी ठंड की चपेट में थे
Himachal Weather : हिमाचल प्रदेश शीतलहर की चपेट में है और मौसम विज्ञान केंद्र ने अगले हफ्ते राज्य के सात जिलों में कुछ स्थानों पर घना कोहरा छाये रहने की आशंका जताते हुए शनिवार को ‘येलो वार्निंग' जारी की। मौसम विभाग के अनुसार, राज्य में सबसे कम तापमान कुकुमसेरी में रहा, जहां न्यूनतम तापमान शून्य से सात डिग्री सेल्सियस नीचे दर्ज किया गया।
ताबो में न्यूनतम तापमान शून्य से 6.4 डिग्री नीचे और कल्पा में शून्य से 2.2 डिग्री सेल्सियस नीचे रहा। मौसम विभाग ने शनिवार को अनुमान व्यक्त किया कि किन्नौर और लाहौल एवं स्पीति जिलों में छह जनवरी को छिटपुट स्थानों पर हल्की बर्फबारी होगी। विभाग ने चार से सात जनवरी तक सुबह के दौरान ऊना, बिलासपुर, हमीरपुर, कांगड़ा, मंडी, सोलन और सिरमौर जिलों में छिटपुट स्थानों पर घना कोहरा छाए रहने की ‘येलो वार्निंग' जारी की। अधिकतम तापमान में कोई खास बदलाव न होने के कारण, सोलन सबसे गर्म स्थान रहा, जहां अधिकतम तापमान 19 डिग्री सेल्सियस रहा।
उसने कहा कि ऊंचे पहाड़ों पर न्यूतम तापमान शून्य से नीचे सात डिग्री एवं तीन डिग्री सेल्सियस के बीच, मध्य पहाड़ों पर शून्य एवं छह डिग्री के बीच तथा निचले पहाड़ों पर पांच डिग्री एवं 10 डिग्री सेल्सियस के बीच रहा। मनाली, नारकंडा, पालमपुर, कुफरी, धर्मशाला और शिमला जैसे पर्यटन स्थलों पर न्यूनतम तापमान क्रमश: 0.2 डिग्री सेल्सियस, 0.4 डिग्री, 1.0 डिग्री, 2.7 डिग्री, 4.2 डिग्री और 4.5 डिग्री सेल्सियस रहा।
अधिक ऊंचाई वाले आदिवासी क्षेत्र, ऊंचे इलाके और पर्वतीय दर्रे आर्कटिक जैसी ठंड की चपेट में थे, जहां पारा हिमांक बिंदु से आठ से बारह डिग्री नीचे बना हुआ था। पिछले साल नवंबर और दिसंबर में लंबे समय तक सूखे के बाद, सर्दियों के मौसम की शुरुआत में शुष्क मौसम किसानों और सेब उत्पादकों के बीच चिंता का कारण बन रहा है।

