स्टेडियमों की बदहाली पर जींद व रेवाड़ी के DC से हरियाणा ओलंपिक एसोसिएशन ने मांगा जवाब
Jind Julana Stadium: जुलाना और कोसली स्टेडियम का तत्काल निरीक्षण कर जिम्मेदारी तय करने के निर्देश
Jind Julana Stadium: हरियाणा के दो सरकारी खेल स्टेडियमों की बदहाल व्यवस्था पर हरियाणा ओलंपिक एसोसिएशन (एचओए) ने कड़ा रुख अपनाया है। एचओए के अध्यक्ष कैप्टन जसविंदर मीनू बेनीवाल तथा महासचिव और कैबिनेट मंत्री कृष्ण लाल पंवार ने जींद और रेवाड़ी के उपायुक्तों को अलग-अलग ‘मोस्ट अर्जेंट' पत्र भेजकर तत्काल हस्तक्षेप करने को कहाहै।
दोनों अधिकारियों से स्टेडियमों का तुरंत निरीक्षण कराने, सभी कमियों की पहचान करने, जिम्मेदार अधिकारियों की जवाबदेही तय करने और समयबद्ध सुधारात्मक कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा गया है। मामला सोशल मीडिया पर दोनों स्टेडियमों की दुर्दशा के वीडियो वायरल होने के बाद एचओए के संज्ञान में आया। खास बात यह है कि जींद के जुलाना स्टेडियम में आपत्तिजनक सामान मिलने की बात भी सामने आई है, जिससे पूरे मामले की गंभीरता और बढ़ गई है। यह वही स्टेडियम है, जिसकी बदहाली का मुद्दा ओलंपियन और कांग्रेस विधायक विनेश फोगाट पहले भी विधानसभा में उठा चुकी हैं।
जुलाना स्टेडियम पर सबसे सख्त टिप्पणी
जींद के उपायुक्त को भेजे गए पत्र में एचओए ने कहा है कि यदि सोशल मीडिया पर सामने आए दृश्य सही हैं तो स्टेडियम की स्थिति न केवल बेहद चिंताजनक है बल्कि खेल प्रतिभाओं के प्रशिक्षण के लिए पूरी तरह अनुपयुक्त भी है। पत्र में कहा गया है कि स्टेडियम में रखरखाव, प्रबंधन और बुनियादी खेल सुविधाओं की गंभीर कमी दिखाई देती है। ऐसी परिस्थितियां खिलाड़ियों के प्रशिक्षण की गुणवत्ता को प्रभावित करने के साथ उनकी सुरक्षा, स्वास्थ्य, सम्मान और समग्र कल्याण पर भी प्रतिकूल असर डालती हैं। एसोसिएशन ने डीसी से तत्काल निरीक्षण कर कमियां दूर कराने के साथ यह भी सुनिश्चित करने को कहा है कि जहां लापरवाही मिली है, वहां जिम्मेदारी भी तय की जाए।
आपत्तिजनक सामान मिलने से बढ़ी चिंता
जुलाना स्टेडियम का मामला केवल खराब रखरखाव तक सीमित नहीं है। सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में स्टेडियम परिसर में आपत्तिजनक सामान मिलने की बात भी सामने आई है। इससे खिलाड़ियों के लिए उपलब्ध कराए जाने वाले खेल परिसर की निगरानी और सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल खड़े हुए हैं। इसी वजह से एचओए ने इस मामले को सामान्य शिकायत की बजाय गंभीर प्रशासनिक विषय मानते हुए जिला प्रशासन से तत्काल हस्तक्षेप का आग्रह किया है।
कोसली में खिलाड़ियों की बुनियादी सुविधाएं बदहाल
रेवाड़ी के कोसली स्पोर्ट्स स्टेडियम को लेकर भेजे गए पत्र में एचओए ने विशेष रूप से वॉशरूम और चेंजिंग रूम की स्थिति पर गंभीर आपत्ति दर्ज कराई है। पत्र के अनुसार ये सुविधाएं अत्यधिक गंदी, खराब रखरखाव वाली और खिलाड़ियों के उपयोग के लिए अनुपयुक्त हैं। एसोसिएशन ने कहा कि ऐसी परिस्थितियां खिलाड़ियों के स्वास्थ्य, सुरक्षा और गरिमा से सीधा समझौता हैं। इसलिए संबंधित अधिकारियों को तत्काल निरीक्षण कर सुविधाओं को स्वच्छ, सुरक्षित और खिलाड़ी-अनुकूल बनाने के निर्देश दिए जाएं तथा आवश्यक सुधार प्राथमिकता के आधार पर पूरे किए जाएं।
‘खिलाड़ी सम्मानजनक माहौल के हकदार'
दोनों पत्रों में एचओए अध्यक्ष कैप्टन जसविंदर मीनू बेनीवाल और महासचिव कृष्ण लाल पंवार ने स्पष्ट कहा है कि हरियाणा के खिलाड़ी सुरक्षित, स्वच्छ और बेहतर खेल सुविधाओं के हकदार हैं। खेल परिसरों में बुनियादी सुविधाओं की कमी सीधे खिलाड़ियों के प्रदर्शन, भागीदारी और मनोबल को प्रभावित करती है। इसलिए किसी भी स्तर की लापरवाही खेलों के विकास की भावना के विपरीत है। इसी आधार पर दोनों जिलों के प्रशासन से कहा गया है कि सुधारात्मक कार्रवाई केवल औपचारिकता न रहे, बल्कि कमियों को दूर करने के साथ जवाबदेही भी तय की जाए।
विनेश फोगाट के क्षेत्र का स्टेडियम फिर सुर्खियों में
जुलाना स्पोर्ट्स स्टेडियम पहले भी सुविधाओं की कमी को लेकर चर्चा में रह चुका है। यह स्टेडियम ओलंपियन और कांग्रेस विधायक विनेश फोगाट के विधानसभा क्षेत्र में आता है। विनेश फोगाट इस स्टेडियम की स्थिति का मुद्दा विधानसभा में भी उठा चुकी हैं। अब एचओए के औपचारिक हस्तक्षेप और जिला प्रशासन से सीधे जवाबदेही तय करने की मांग के बाद यह मामला फिर से प्रशासन और खेल विभाग के लिए परीक्षा बन गया है।

