Cyber Fraud Haryana: व्हाट्सएप पर मंत्री रणबीर गंगवा की फोटो, ट्रूकॉलर पर नाम... ऐसे रची ठगी की साजिश
Cyber Fraud Haryana: दो साइबर ठग गिरफ्तार, मंत्री का नाम दिखाकर अधिकारियों व भाजपा पदाधिकारियों को झांसे में लेने की साजिश
Cyber Fraud Haryana: हरियाणा के लोक निर्माण एवं जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी मंत्री रणबीर गंगवा के नाम का फर्जी इस्तेमाल कर अधिकारियों और भाजपा पदाधिकारियों को ठगी के जाल में फंसाने की साजिश रचने वाले दो साइबर ठगों को हिसार पुलिस ने राजस्थान के अलवर जिले से गिरफ्तार कर लिया है।
आरोपियों ने मंत्री के नाम पर फर्जी दस्तावेजों से मोबाइल सिम हासिल की, ट्रूकॉलर पर रणबीर गंगवा का नाम दिखाने की व्यवस्था की और व्हाट्सएप डीपी पर मंत्री की तस्वीर लगाकर भरोसा जीतने का प्रयास किया। फिलहाल पुलिस दोनों से गहन पूछताछ कर रही है।
साइबर थाना पुलिस और सीआईए की संयुक्त टीम ने अलवर जिले के नाडका गांव में दबिश देकर दोनों आरोपियों को गिरफ्तार किया। प्रारंभिक जांच में सामने आया कि आरोपियों ने मंत्री रणबीर गंगवा के नाम से फर्जी दस्तावेजों के आधार पर मोबाइल सिम जारी करवाई थी। तकनीकी सेटिंग के चलते कॉल रिसीव करने वालों के ट्रूकॉलर पर मंत्री का नाम दिखाई देता था। विश्वास कायम करने के लिए आरोपियों ने मंत्री के आधिकारिक फेसबुक पेज से 17 जुलाई 2026 के कार्यक्रम की तस्वीर डाउनलोड कर उसे अपने व्हाट्सएप प्रोफाइल पर लगा रखा था।
पुलिस के अनुसार, आरोपियों ने जनस्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग अंबाला के अधीक्षण अभियंता और गुरुग्राम के एक अधिकारी को फोन कर अपने व्यक्ति का काम करवाने का दबाव बनाया। इसके बाद पानीपत और करनाल के भाजपा जिलाध्यक्षों को भी कॉल की गई। दोनों नेताओं को बातचीत के दौरान आवाज और बोलने के अंदाज पर संदेह हुआ। करनाल भाजपा जिलाध्यक्ष ने मंत्री रणबीर गंगवा के निजी नंबर पर संपर्क कर सत्यापन किया, जिससे पूरे फर्जीवाड़े का पर्दाफाश हो गया।
मंत्री के निजी सहायक अरुण कुमार की शिकायत पर साइबर थाना में मामला दर्ज किया गया। पुलिस ने तकनीकी जांच के आधार पर आरोपियों की लोकेशन ट्रेस कर राजस्थान के अलवर से दोनों को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस प्रवक्ता ने बताया कि आरोपियों से पूछताछ जारी है और जांच के हित में फिलहाल उनकी पहचान सार्वजनिक नहीं की गई है।

