Dagshai Public School Ragging Case : हॉस्टल से जूनियर को खींचकर पीटने का आरोप, पांच सीनियर छात्रों पर केस
चार महीने से रैगिंग, धमकाने और मारपीट के आरोप; हथियार रखने की शिकायत की भी पुलिस कर रही जांच
Dagshai Public School Ragging Case : जिला सोलन के धर्मपुर थाना क्षेत्र स्थित डगशाई पब्लिक स्कूल में जूनियर छात्रों के साथ कथित रैगिंग, डराने-धमकाने और मारपीट का मामला सामने आया है। पीड़ित छात्रों की संयुक्त शिकायत पर धर्मपुर पुलिस ने पांच सीनियर छात्रों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
पुलिस के अनुसार आरोपियों के खिलाफ एच.पी. एजुकेशनल इंस्टीट्यूशंस प्रोहिबिशन ऑफ रैगिंग एक्ट, 2009 की धारा 3(2) और भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धाराओं 115(2), 351(2)(3), 352, 126(2) व 3(5) के तहत केस दर्ज किया गया है।
हॉस्टल के कमरे से बाहर खींचने का आरोप
पुलिस को दी संयुक्त शिकायत में तलविंदर मानेश व अन्य ने आरोप लगाया है कि 5 सितंबर को स्कूल के पांच सीनियर छात्रों ने नौवीं कक्षा के एक छात्र को उसके हॉस्टल के कमरे से कथित तौर पर जबरन बाहर खींच लिया और उसके साथ मारपीट की।
शिकायतकर्ताओं का आरोप है कि संबंधित सीनियर छात्र पिछले करीब चार महीने से जूनियर छात्रों को कथित तौर पर डराते-धमकाते, रैगिंग करते, अभद्र भाषा का इस्तेमाल करते और मारपीट करते रहे हैं। उन्होंने स्कूल परिसर और हॉस्टल में छात्रों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की है।
हथियार रखने का भी आरोप
शिकायत में कुछ सीनियर छात्रों पर हथियार रखने का आरोप भी लगाया गया है। इन आरोपों के सामने आने के बाद हॉस्टल में रहने वाले जूनियर छात्रों और उनके अभिभावकों में चिंता का माहौल होने की बात कही गई है। हालांकि, हथियार रखने सहित शिकायत में लगाए गए सभी आरोपों की पुलिस जांच कर रही है। इनकी पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही हो सकेगी।
शिकायत में घटना के बाद कुछ जूनियर छात्रों में भय और तनाव की स्थिति होने की बात भी कही गई है। अभिभावकों ने मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषी पाए जाने वाले छात्रों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की अपेक्षा जताई है।
पुलिस ने शुरू की जांच
पुलिस चौकी डगशाई के प्रभारी एसआई राजेश कुमार मामले की जांच कर रहे हैं। जांच के दौरान पुलिस घटना से जुड़े तथ्यों, छात्रों के बयान और अन्य उपलब्ध साक्ष्यों की पड़ताल कर रही है।
पुलिस यह भी पता लगा रही है कि रैगिंग और मारपीट के आरोपों में कितनी सच्चाई है तथा नामजद छात्रों के अलावा कोई अन्य छात्र भी घटना में शामिल था या नहीं। फिलहाल जांच जारी है। आरोपों की वास्तविक स्थिति जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट होगी।

