गैंगस्टर कंटेंट पर केंद्र सख्त, ZEE5 को 'लॉरेंस ऑफ पंजाब' रिलीज न करने की सलाह
Lawrence of Punjab Series: पंजाब पुलिस की आपत्ति और हाईकोर्ट में चल रही सुनवाई के बीच चेतावनी—सीरीज से हिंसा भड़कने और कानून-व्यवस्था बिगड़ने का खतरा
Lawrence of Punjab Series: केंद्र सरकार ने गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई पर आधारित प्रस्तावित डॉक्यूमेंट्री/वेब सीरीज लॉरेंस ऑफ पंजाब (Lawrence of Punjab) को लेकर सख्त रुख अपनाया है। सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय ने ओटीटी प्लेटफॉर्म ZEE5 को सलाह दी है कि वह इस कंटेंट को रिलीज न करे, क्योंकि इससे हिंसा भड़कने और सार्वजनिक व्यवस्था प्रभावित होने की आशंका है।
यह कदम पंजाब पुलिस की आपत्तियों और पंजाब एवं हरियाणा हाई कोर्ट (Punjab and Haryana High Court) में चल रही कार्यवाही के मद्देनजर उठाया गया है। मंत्रालय ने अपने पत्र में कहा है कि प्रस्तावित सीरीज में अपराध और गैंगस्टर गतिविधियों को महिमामंडित (glorify) किए जाने की आशंका है, जिससे युवाओं पर नकारात्मक प्रभाव पड़ सकता है और कानून-व्यवस्था की स्थिति बिगड़ सकती है।
केंद्र ने यह भी कहा कि उसे “उचित आशंका” है कि इस तरह का कंटेंट संज्ञेय अपराधों को उकसा सकता है और सामाजिक तनाव बढ़ा सकता है। मंत्रालय ने 27 अक्टूबर 2025 की एडवाइजरी और 23 अप्रैल 2026 के पत्र का हवाला देते हुए प्लेटफॉर्म को सावधानी बरतने और रिलीज टालने की सलाह दी है।
इस मामले की पृष्ठभूमि में पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वड़िग (Amarinder Singh Raja Warring) द्वारा दायर जनहित याचिका (PIL) भी शामिल है, जिसमें सीरीज पर रोक लगाने की मांग की गई है। याचिका में तर्क दिया गया है कि यह सीरीज गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई के जीवन और आपराधिक गतिविधियों को रोमांटिक तरीके से पेश करती है, जिससे समाज पर नकारात्मक असर पड़ सकता है।
पंजाब पुलिस ने पहले ही केंद्र से इस सीरीज को ब्लॉक करने का अनुरोध किया था। पुलिस का कहना है कि इस तरह का कंटेंट संगठित अपराध को बढ़ावा दे सकता है और युवाओं को गलत दिशा में प्रभावित कर सकता है। बताया जा रहा है कि यह सीरीज 27 अप्रैल को रिलीज होने वाली थी। फिलहाल मामला हाईकोर्ट में विचाराधीन है और इस पर अंतिम निर्णय आना बाकी है।

