चंडीगढ़/ पंचकूला (नस) : चंडीगढ़ में मंगलवार को अधिकतर सेक्टर बिना बिजली के रहे, जिससे कई सेक्टरों में पानी की आपूर्ति तक नहीं हो पायी। बीती रात से 72 घंटों की हड़ताल पर गए बिजली कर्मचारियों की प्रशासक के सलाहकार के साथ बातचीत सिरे नहीं चढ़ सकी। हालात बेकाबू होते देख एक तरफ जहां पंजाब और हरियाणा हाईकोर्ट ने मामले का स्वत: संज्ञान लिया, वहीं चंडीगढ़ में प्रशासन ने हड़तालियों पर एस्मा लागू करते हुए तत्काल प्रभाव से बिजली कर्मियों के अगले छह महीनों तक हड़ताल पर जाने की रोक लगा दी है।
दूरदृष्टा, जनचेतना के अग्रदूत, वैचारिक स्वतंत्रता के पुरोधा एवं समाजसेवी सरदार दयालसिंह मजीठिया ने 2 फरवरी, 1881 को लाहौर (अब पाकिस्तान) से ‘द ट्रिब्यून’ का प्रकाशन शुरू किया। विभाजन के बाद लाहौर से शिमला व अंबाला होते हुए यह समाचार पत्र अब चंडीगढ़ से प्रकाशित हो रहा है।
‘द ट्रिब्यून’ के सहयोगी प्रकाशनों के रूप में 15 अगस्त, 1978 को स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर दैनिक ट्रिब्यून व पंजाबी ट्रिब्यून की शुरुआत हुई। द ट्रिब्यून प्रकाशन समूह का संचालन एक ट्रस्ट द्वारा किया जाता है।
हमें दूरदर्शी ट्रस्टियों डॉ. तुलसीदास (प्रेसीडेंट), न्यायमूर्ति डी. के. महाजन, लेफ्टिनेंट जनरल पी. एस. ज्ञानी, एच. आर. भाटिया, डॉ. एम. एस. रंधावा तथा तत्कालीन प्रधान संपादक प्रेम भाटिया का भावपूर्ण स्मरण करना जरूरी लगता है, जिनके प्रयासों से दैनिक ट्रिब्यून अस्तित्व में आया।