Tribune
PT
Subscribe To Print Edition About the Dainik Tribune Code Of Ethics Advertise with us Classifieds Download App
search-icon-img
Advertisement

Battle of Galwan : सलमान खान की फिल्म को लेकर MEA का रुख साफ, कहा- हमारी कोई भूमिका नहीं

‘‘बैटल ऑफ गलवान'' के मुद्दे पर एमईए ने कहा: ऐसे मामलों में मंत्रालय की कोई भूमिका नहीं

  • fb
  • twitter
  • whatsapp
  • whatsapp
Advertisement

Battle of Galwan : अभिनेता सलमान खान की फिल्म ‘‘बैटल ऑफ गलवान'' की रिलीज से पहले विदेश मंत्रालय ने शुक्रवार को कहा कि भारत में फिल्म निर्माण से संबंधित मुद्दों को ‘‘संबंधित अधिकारी'' संभालते हैं और ऐसे या इस प्रकार के मामलों में विदेश मंत्रालय की कोई भूमिका नहीं होती है।

विदेश मंत्रालय (एमईए) के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने अपनी साप्ताहिक प्रेस वार्ता में एक पत्रकार के सवाल के जवाब में यह बात कही। फिल्म ‘‘बैटल ऑफ गलवान'' गलवान घाटी में भारतीय और चीनी सैनिकों के बीच 2020 में हुए संघर्ष पर आधारित है। सलमान खान और उनकी मां सलमा खान द्वारा निर्मित फिल्म ‘‘बैटल ऑफ गलवान'' 17 अप्रैल को रिलीज होगी।

Advertisement

जायसवाल से उन खबरों पर टिप्पणी करने के लिए कहा गया था जिनमें दावा किया गया है कि विदेश मंत्रालय ने छह साल पहले गलवान घाटी में भारतीय और चीनी सैनिकों के बीच हुई झड़प को दर्शाने वाली फिल्म पर ‘आपत्ति जताई' है। उन्होंने कहा, ‘‘हमें पता चला है कि इस तरह की फिल्म बनाने की योजना बनाई जा रही है। जैसा कि आप जानते हैं, भारत में फिल्म निर्माण से संबंधित मामलों को संबंधित अधिकारी संभालते हैं। और जहां तक ​​हमारा सवाल है, विदेश मंत्रालय की इस या इस तरह के किसी भी मामले में कोई भूमिका नहीं है।''

Advertisement

अपूर्व लाखिया द्वारा निर्देशित इस फिल्म में सलमान खान बिक्कुमल्ला संतोष बाबू की भूमिका निभा रहे हैं, जिन्होंने 2020 के युद्ध में भारतीय धरती की रक्षा करते हुए 16 बिहार रेजिमेंट के 19 अन्य सैनिकों के साथ अपने प्राणों की आहुति दे दी थी। उन्हें मरणोपरांत भारत का दूसरा सर्वोच्च युद्धकालीन वीरता पुरस्कार, महावीर चक्र प्रदान किया गया था। पूर्वी लद्दाख में सैन्य गतिरोध मई 2020 में शुरू हुआ था।

उसी वर्ष जून में गलवान घाटी में हुई झड़पों के परिणामस्वरूप भारत और चीन के बीच संबंधों में गंभीर तनाव उत्पन्न हो गया था। पंद्रह जून, 2020 को गलवान घाटी में हुई झड़पों में भारतीय सेना के 20 जवान शहीद हो गए थे। फरवरी 2021 में, चीन ने आधिकारिक तौर पर स्वीकार किया था कि झड़पों में पांच चीनी सैन्य अधिकारी और सैनिक मारे गए थे, हालांकि यह व्यापक रूप से माना जाता है कि चीनी पक्ष में मरने वालों की संख्या कहीं अधिक थी।

Advertisement
×