महिला कर्मियों को बढ़ी कैजुअल लीव का नोटिफिकेशन लंबित, जताया रोष
महिला कर्मचारियों के कैजुअल लीव 20 से बढ़ाकर 25 दिन करने की घोषणा के बावजूद नोटिफिकेशन जारी न होने से सरकारी सहायता प्राप्त महाविद्यालयों के कर्मचारियों में भारी रोष है। इसी मांग सहित अन्य लंबित मुद्दों को लेकर प्रदेशभर के...
महिला कर्मचारियों के कैजुअल लीव 20 से बढ़ाकर 25 दिन करने की घोषणा के बावजूद नोटिफिकेशन जारी न होने से सरकारी सहायता प्राप्त महाविद्यालयों के कर्मचारियों में भारी रोष है। इसी मांग सहित अन्य लंबित मुद्दों को लेकर प्रदेशभर के कॉलेजों में कर्मचारियों ने विरोध प्रदर्शन किया। कई स्थानों पर कर्मचारियों ने काले बिल्ले लगाकर अपना आक्रोश जताया।
अकादमिक परिषद कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय के निर्वाचित सदस्य एवं सहायक प्राध्यापक डॉ. रमेश्वर ग्रोच ने बताया कि महिला कर्मचारियों के हित में मुख्यमंत्री द्वारा कैजुअल लीव बढ़ाने की घोषणा की गई थी। इस संबंध में शिक्षा विभाग द्वारा फाइल चलाई गई, जिस पर शिक्षा मंत्री और मुख्यमंत्री की स्वीकृति भी मिल चुकी है, लेकिन इसके बावजूद अब तक नोटिफिकेशन जारी नहीं किया गया। इससे कर्मचारियों में सरकार के सौतेले रवैये को लेकर नाराजगी बढ़ रही है।
उन्होंने बताया कि हरियाणा के 96 सरकारी सहायता प्राप्त महाविद्यालयों में कार्यरत लगभग 3000 शैक्षिक व गैर-शैक्षिक कर्मचारी पिछले कई वर्षों से मकान किराया भत्ता (एचआरए) से वंचित हैं। वर्ष 2019 में 7वें वेतनमान के तहत संशोधित एचआरए लागू होने के बावजूद इन कर्मचारियों को लाभ नहीं मिला। एचआरए की फाइल शिक्षा और वित्त विभाग के बीच लंबे समय से लंबित है। हालांकि, विरोध के बावजूद कर्मचारियों ने परीक्षाओं से संबंधित कार्य सुचारू रूप से जारी रखा।

