सात सत्रों तक चली भाजपा जिला बैठक औपचारिक भाषणों में सिमटी
भाजपा कार्यालय अम्ब कमल में शनिवार को आयोजित भाजपा जिला कार्यकारिणी की 7 सत्रों में लंबी चली बैठक मात्र औपचारिक भाषणों तक सिमट गई। भाषण भी ऐसे जिन्हें भाजपा के साधारण कार्यकर्ता भी कई बार सुन चुके हैं। बैठक की...
भाजपा कार्यालय अम्ब कमल में शनिवार को आयोजित भाजपा जिला कार्यकारिणी की 7 सत्रों में लंबी चली बैठक मात्र औपचारिक भाषणों तक सिमट गई। भाषण भी ऐसे जिन्हें भाजपा के साधारण कार्यकर्ता भी कई बार सुन चुके हैं। बैठक की अध्यक्षता जिलाध्यक्ष मनदीप राणा ने की। शुरुआत वंदे मातरम के गीत व भारत माता पंडित दीनदयाल उपाध्याय व श्यामा प्रसाद मुखर्जी के चित्र पर माल्यार्पण करके की गई। बैठक में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह का सदन में एसआईआर पर दिया भाषण सुना गया।
पहले सत्र में मुख्य वक्ता पूर्व विधायक डॉ. पवन सैनी ने बूथ पर होने वाले 6 कार्यों की विस्तार से जानकारी दी और कार्यकर्ताओं से इन्हें बूथ स्तर पर लागू करने का आह्वान किया। दूसरे सत्र में मुख्य वक्ता पूर्व मंत्री असीम गोयल ने कहा कि एसआईआर पर हल्ला मचा रहे विपक्षी दलों को यह भाषण अवश्य सुनना चाहिए। केवल आलोचना के लिए किसी चीज का विरोध नहीं करना चाहिए। तीसरे सत्र में पूर्व जिलाध्यक्ष जगमोहन लाल कुमार ने कहा कि वाजपेयी केवल एक राजनेता नहीं बल्कि राष्ट्रनिर्माता थे। उन्होंने बताया कि अटल बिहारी वाजपेयी के विचारों को चिरस्थायी बनाने के उद्देश्य से भाजपा द्वारा देशभर में अटल स्मृति वर्ष मनाया जा रहा है।
चौथे सत्र में मुख्य वक्ता प्रदेश उपाध्यक्ष बंतो कटारिया ने केंद्र एवं राज्य सरकार द्वारा 11 साल में किए कार्य पर विस्तार से चर्चा की। पांचवे सत्र की अध्यक्षता महिला मोर्चा प्रदेश महामंत्री ऋचा पाहवा ने की व मुख्य वक्ता मेयर शैलजा सचदेवा ने आत्मनिर्भर भारत अभियान की जानकारी दी। छठे सत्र में मुख्य वक्त जिलाध्यक्ष मनदीप राणा ने कार्यकर्ताओं की मेहनत और समर्पण के कारण संगठनात्मक दृष्टि से अम्बाला को अग्रणी बताया। सत्र की अध्यक्षता रमेश पल नोहनी ने की।
सातवें सत्र में मुख्य वक्त जिला प्रभारी धर्मवीर मिर्जापुर ने कहा कि संपर्क, संवाद और समन्वय से संगठन होगा और अधिक सशक्त व सत्र की अध्यक्षता पूर्व जिला अध्यक्ष राजेश बतौरा ने की। मिर्जापुर ने संगठनात्मक वृत्त किया और बूथ के 8 प्रमुख कार्येक्रमों, संगठन विस्तार, लोक संपर्क, लोक संवाद तथा कार्यकर्ताओं की सक्रिय भूमिका पर प्रकाश डाला।

