पक्ष सुने बगैर बनाया बलि का बकरा, हुड्डा को दिखाकर किया था वोट : जरनैल
क्रॉस वोटिंग : राहुल गांधी और खड़गे के सामने बात रखेंगे विधायक
- बोले- निष्ठा के बावजूद पार्टी ने किया बाहर
राज्यसभा चुनाव में क्रॉस वोटिंग के आरोप में कांग्रेस से निलंबित किए रतिया विधायक जरनैल सिंह ने शुक्रवार को समर्थकों के साथ बैठक कर पार्टी हाईकमान के फैसले पर कड़ा एतराज जताया।
पूर्व सरपंच सुरेश झांब के कार्यालय में पत्रकारों से रूबरू होते हुए विधायक भावुक नजर आए और उन्होंने आरोप लगाया कि पार्टी के भीतर एक गहरी साजिश के तहत उन्हें ‘बलि का बकरा’ बनाया गया है। विधायक जरनैल सिंह ने अपनी सफाई पेश करते हुए बड़े खुलासे किए। उन्होंने स्पष्ट किया कि राज्यसभा चुनाव के दौरान उन्होंने पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा को अपना वोट दिखाया था और कांग्रेस उम्मीदवार के पक्ष में ही मतदान किया था। आलाकमान ने उन्हें क्रॉस वोटिंग और इनवैलिड वोट को लेकर 2 नोटिस दिए थे, जिनका वे जवाब भेज चुके हैं। इसके बावजूद पक्ष सुने बिना निलंबन का फैसला लेना एकतरफा है। उन्होंने साफ किया कि वे मुख्यमंत्री से ‘प्रदेश के राजा’ होने के नाते क्षेत्र के विकास के लिए मिलते हैं और आगे भी रतिया की समस्याओं के लिए उनके पास जाने से पीछे नहीं हटेंगे। जरनैल सिंह ने कहा कि वे जल्द ही कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे और विपक्ष के नेता राहुल गांधी से मिलकर अपना पक्ष रखेंगे। बैठक कांग्रेस नेता सुखपाल महंमदकी, टेक सिंह महमड़ा, कृष्ण कंबोज, सुरेश झांब, त्रिलोचन मौजूद रहे।
‘रतिया की जनता का अपमान’
विधायक ने कहा कि रतिया सीट, जहां कभी कांग्रेस का नाम लेने वाला कोई नहीं था, वहां उन्होंने अपनी स्वच्छ छवि और 87 हजार मतदाताओं के आशीर्वाद से दो बार पार्टी का झंडा बुलंद किया। निलंबन की खबर न केवल उनके लिए बल्कि रतिया की जनता के लिए भी एक बड़ा झटका है। जरनैल सिंह ने दावा किया कि कार्यकर्ता उनके साथ हैं और जनता में उनके प्रति सहानुभूति बढ़ी है।
