गांव मुकर्रबपुर में बन रहे बायोगैस प्लांट का किसानों ने रुकवाया काम
गांव मुकर्रबपुर में प्रस्तावित बायोगैस प्लांट को लेकर ग्रामीणों का विरोध मुखर होता जा रहा है। मंगलवार को कई गांवों के किसानों और ग्रामीणों ने किसान यूनियन के बैनर तले मौके पर पहुंचकर निर्माण कार्य रुकवा दिया। ग्रामीणों का आरोप...
गांव मुकर्रबपुर में प्रस्तावित बायोगैस प्लांट को लेकर ग्रामीणों का विरोध मुखर होता जा रहा है। मंगलवार को कई गांवों के किसानों और ग्रामीणों ने किसान यूनियन के बैनर तले मौके पर पहुंचकर निर्माण कार्य रुकवा दिया। ग्रामीणों का आरोप है कि सरकार द्वारा नियमों और जनभावनाओं को दरकिनार कर यह परियोजना थोपी जा रही है। वहीं पार्षद जयंत स्वामी का कहना है कि ज्यादातर ग्रामीण इसके बनने के हक में हैं। फिर भी लोगों से इस मुद्दे पर बात की जाएगी। गौरतलब है कि प्रधानमंत्री मोदी ने 10 अप्रैल को यमुनानगर दौरे के दौरान इस बायोगैस प्लांट का शिलान्यास किया था। सरकार इसे पर्यावरण संरक्षण और स्वच्छ ऊर्जा की दिशा में बड़ा कदम बता रही है, लेकिन स्थानीय ग्रामीण इसे अपने स्वास्थ्य, खेती और पर्यावरण के लिए गंभीर खतरा मान रहे हैं।
ग्रामीण बलदेव पूर्व सरपंच मुकर्रबपुर, राजेश, जसप्रीत सिंह, रमेश, जयपाल व रामकरण का कहना है कि प्लांट के कारण आसपास के गांवों में प्रदूषण बढ़ेगा, जिससे कैंसर जैसी गंभीर बीमारियों का खतरा उत्पन्न हो सकता है। किसानों ने आशंका जताई कि बायोगैस प्लांट से निकलने वाला कचरा और गैस खेती योग्य भूमि, जल स्रोतों और हवा को प्रभावित करेगी। ग्रामीणों ने मांग की कि बायोगैस प्लांट को गांव खजूरी में उस स्थान पर बनाया जाए, जहां इसके लिए पहले जमीन आवंटित की गई है। मुकर्रबपुर में इसे शिफ्ट करना ग्रामीणों को किसी भी सूरत में स्वीकार नहीं है। किसान नेताओं ने चेतावनी दी कि यदि प्रशासन ने उनकी मांगों पर ध्यान नहीं दिया तो आंदोलन को और व्यापक किया जाएगा।

