भट्टू पंचायत समिति की चेयरपर्सन ज्योति लूणा की गयी कुर्सी
अविश्वास प्रस्ताव के समर्थन में 21 में से 18 ने किया मतदान
भट्टू पंचायत समिति की कांग्रेस समर्थित चेयरपर्सन ज्योति लूणा की कुर्सी आज चली गई। बृहस्पतिवार को पंचायत समिति के 21 सदस्यों में से 18 सदस्यों ने अविश्वास प्रस्ताव के समर्थन में मतदान किया, जबकि चेयरपर्सन ज्योति लूणा सहित 3 सदस्य बैठक में उपस्थित नहीं हुए थे।
इस मतदान के बाद चुनाव अधिकारी एडीसी अनुराग ढालियां ने अविश्वास प्रस्ताव के पास होने की घोषणा की और ज्योति लूणा को पद से अपदस्थ कर दिया। उन्होंने बताया कि बैठक में दो तिहाई यानी 14 सदस्य उपस्थित होना जरूरी था, जबकि 18 सदस्य उपस्थित थे।
भट्टू पंचायत समिति का चेयरपर्सन पद अनुसूचित जाति की महिला के लिए आरक्षित है। ऐसे में अब अन्नू सरबटा की चेयरपर्सन बनने की संभावना प्रबल हो गई है, क्योंकि भट्टू पंचायत समिति में दो अनुसूचित जाति की महिला सदस्य हैं।
अन्नू सरबटा ने कहा कि तीन साल पहले, तत्कालीन विधायक दूड़ा राम की मौजूदगी में यह निर्णय लिया गया था कि दोनों सदस्य अढ़ाई अढ़ाई साल पद संभालेंगे। हालांकि, ज्योति लूणा ने गत विधानसभा चुनावों में भाजपा छोड़कर कांग्रेस ज्वाइन की थी।
2022 में बनीं थी चेयरपर्सन
ज्योति लूणा को 2022 में पंचायत चुनाव के बाद पूर्व विधायक दूड़ाराम के आशीर्वाद से चेयरपर्सन बनाया गया था और उनके गुट के बंसीलाल को वाइस चेयरमैन बनाया गया। गत विधानसभा चुनाव में ज्योति लूणा ने कांग्रेस प्रत्याशी बलवान दौलतपुरिया का साथ दिया, तब से ज्योति लूणा को कुर्सी से हटाने को लेकर प्रयास जारी थे। बीते दिनों एक बार फिर भट्टू कलां पंचायत समिति के वाइस चेयरमैन बंसीलाल के नेतृत्व में 17 सदस्यों ने अविश्वास प्रस्ताव के लिए बैठक की मांग को लेकर एडीसी से मिले थे। करीब दस दिनों से सभी 17 सदस्य भारत भ्रमण पर थे। शुक्रवार को उक्त 17 सदस्यों के साथ एक और सदस्य लखपति भी बागी सदस्यों के साथ आ गई।

