हिमाचल प्रदेश में आगामी पंचायत चुनावों की बिसात बिछनी शुरू हो गई है। मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू की अध्यक्षता में शनिवार को शिमला में हुई मंत्रिमंडल की बैठक में पंचायतों के आरक्षण को लेकर एक बड़ा नीतिगत फैसला लिया गया। सरकार ने पंचायती राज निर्वाचन नियमों में संशोधन का प्रस्ताव रखा है, जिसके तहत वर्ष 2010 को आधार वर्ष मानकर रोटेशन प्रक्रिया लागू की जाएगी। इसका सीधा असर उन सीटों पर पड़ेगा जो पिछले दो चुनावों से एक ही वर्ग के लिए आरक्षित थीं। अब ऐसी सीटें सामान्य या अन्य वर्गों के लिए खुल सकेंगी। मंत्रिमंडल ने इस पर आम जनता से आपत्तियां और सुझाव भी मांगे हैं।निराश्रितों के लिए नियमों में ढीलप्रदेश सरकार ने सामाजिक सुरक्षा के दायरे को बढ़ाते हुए 'निराश्रित' शब्द की परिभाषा में बदलाव किया है। अब ऐसी महिलाएं जिन्हें पति ने छोड़ दिया है और जिनकी आय का कोई स्वतंत्र स्रोत नहीं है, उन्हें सरकारी लाभ लेने के लिए दफ्तरों के चक्कर नहीं काटने होंगे। उनके लिए प्रमाणन प्रक्रिया को बेहद सरल बनाया गया है। एक अन्य मानवीय फैसले में मंत्रिमंडल ने 'चिल्ड्रन ऑफ द स्टेट' (राज्य के अनाथ बच्चों) की मदद के लिए खजाना खोल दिया है। अब स्वर्ण जयंती ऊर्जा नीति के तहत मिलने वाली स्थानीय क्षेत्र विकास निधि (एलएडीएफ/साड़ा) का 40 प्रतिशत पैसा सीधे इन बच्चों की वित्तीय सहायता पर खर्च होगा।लापरवाही पर गिरी गाजबिजली परियोजनाओं के काम में ढिलाई बरतने वाली कंपनियों पर कैबिनेट ने कड़ा रुख अपनाया है। एकमुश्त माफी योजना का लाभ उठाने के बावजूद समय पर काम शुरू न करने वाली 15 जलविद्युत परियोजनाओं के आवंटन को रद्द करने की मंजूरी दे दी गई है। वहीं, पंडोह में 10 मेगावाट की परियोजना बीबीएमबी को इस शर्त पर सौंपी गई है कि वह अनुपयोगी भूमि राज्य सरकार को वापस करेगा। इससे राज्य को 13 प्रतिशत मुफ्त बिजली और 5 प्रतिशत अतिरिक्त हिस्सेदारी मिलेगी।शिक्षा से लेकर पुलिस विभाग तक नौकरियों की बहारबेरोजगार युवाओं के लिए यह बैठक राहत भरी रही। विभिन्न विभागों में खाली पदों को भरने के लिए हरी झंडी दी गई है।तकनीकी शिक्षा : सरकारी इंजीनियरिंग और फार्मेसी कॉलेजों में 60 कनिष्ठ सहायक प्रवक्ताओं की भर्ती होगी।सहकारिता विभाग : सहायक पंजीयक के 2 और निरीक्षकों के 30 पद भरे जाएंगे।पुलिस व खेल : नूरपुर की कोटला चौकी को पुलिस स्टेशन में बदला जाएगा और गगरेट में नया उप-मंडलीय पुलिस कार्यालय खुलेगा। खेल छात्रावासों के लिए 16 कोच के पद भी स्वीकृत किए गए।चंडीगढ़-शिमला के बीच अब हर रोज दो उड़ानेंराजधानी शिमला और चंडीगढ़ के बीच हवाई संपर्क को मजबूत करने के लिए हेली-टैक्सी सेवा के विस्तार को मंजूरी दी गई है। अब हफ्ते में 3 की जगह 12 उड़ानें होंगी। यानी रविवार को छोड़कर सप्ताह के छह दिन प्रतिदिन दो उड़ानें उपलब्ध रहेंगी। इसके अलावा, जल जीवन मिशन के तहत काम कर रहे आउटसोर्स कर्मचारियों के लिए राहत की खबर यह है कि केंद्र से बजट न मिलने पर अब राज्य सरकार अपने संसाधनों से उनका वेतन जारी करेगी।