हिमाचल में पांच शहरी निकायों में परिसीमन कार्यक्रम घोषित
आज प्रकाशित होगा ड्राफ्ट, 31 मई से पहले होंगे 74 निकाय चुनाव
हिमाचल प्रदेश में नगर निकाय चुनावों को लेकर राज्य निर्वाचन आयोग ने पांच शहरी निकायों में वार्डों के परिसीमन का शेड्यूल जारी कर दिया है। यह प्रक्रिया पूरी पारदर्शिता और संवैधानिक मानकों के तहत तय समय सीमा में पूरी की जाएगी। सर्वोच्च न्यायालय के निर्देशों के मुताबिक 31 मई से पहले 74 निकायों के चुनाव होंगे। शहरी विकास विभाग की ओर से प्रदेश में पांच नए शहरी निकायों का गठन और विस्तारीकरण किया गया है। इनमें बिलासपुर की नगर पंचायत झंडूता और नगर पंचायत स्वारघाट, हमीरपुर की नगर परिषद नादौन, सिरमौर की नगर पंचायत संगड़ाह तथा ऊना की नगर पंचायत बंगाणा शामिल हैं। इन निकायों में वार्डों का पुनर्निर्धारण किया जाएगा।
आयोग द्वारा जारी कार्यक्रम के अनुसार 3 मार्च को परिसीमन का ड्राफ्ट प्रकाशित किया जाएगा। 10 मार्च तक आमजन आपत्तियां और सुझाव दे सकेंगेए जबकि 13 मार्च तक संबंधित उपायुक्त को उनका निपटारा करना होगा। इसके बाद सात दिन के भीतर मंडलीय आयुक्त के पास अपील दायर की जा सकेगी। मंडलीय आयुक्त 24 मार्च तक अपीलों का निपटारा करेंगे।
25 मार्च तक अंतिम परिसीमन ड्राफ्ट प्रकाशित किया जाएगा और 30 मार्च तक इसे अधिसूचित कर दिया जाएगा। वार्डों के आरक्षण की प्रक्रिया 30 मार्च तक पूरी कर ली जाएगी तथा इसे चुनाव आयोग को सौंपना सरकार का जिम्मा होगा। सुप्रीम कोर्ट के निर्देशानुसार 31 मई से पहले प्रदेश के 74 नगर निकायों में चुनाव संपन्न करवाए जाएंगे।
राज्य चुनाव आयोग ने एक अन्य आदेश में स्पष्ट किया है कि कांगड़ा जिले की नगर परिषद ज्वालामुखी और नगर परिषद नगरोटा सूरियां, सोलन जिले का नगर निगम बद्दी व नगर पंचायत कुनिहार तथा हमीरपुर जिले की नगर पंचायत बड़सर में सरकार की ओर से कोई नया क्षेत्र शामिल नहीं किया गया है। लिहाजा इन निकायों में परिसीमन नहीं होगा और पूर्ववत व्यवस्था के तहत ही चुनाव प्रक्रिया आगे बढ़ेगी।
राज्य चुनाव आयोग अनिल खाची का कहना है कि परिसीमन का ड्राफ्ट प्रकाशित होने के बाद आम लोगों की आपत्तियों और सुझावों को सुनने के लिए नियमानुसार पर्याप्त समय दिया गया हैए ताकि पूरी प्रक्रिया निष्पक्ष और पारदर्शी ढंग से संपन्न हो सके।

