Bear Attack : रामपुर बुशहर में भालू का खौफ: कोटला में युवक पर हमला, 85 भेड़ों को बनाया शिकार
डीएफओ बोले- रेस्क्यू ऑपरेशन जारी, लेकिन खराब मौसम बना बाधा
Bear Attack : उपमंडल रामपुर बुशहर के जंगलों से सटे गांवो में इन दिनों भालुओं का आतंक लोगों की नींद उड़ा रहा है। लगातार हो रहे हमलों से कोटला, रांवी, धारगौरा पंचायत और नोग वैली के ग्रामीण सहमे हुए हैं। उन्होंने वन विभाग से तुरंत पिंजरे लगाने की मांग की है।
शुक्रवार को ज्यूरी के कोटला गांव में एक बड़ा हादसा टल गया। ग्रामीण भोगेश्वर खन्ना जब अपने बगीचे में प्लम तोड़ रहे थे, तभी झाड़ियों से निकलकर भालू ने उन पर अचानक हमला कर दिया। भोगेश्वर की चीख सुनकर आसपास के लोग दौड़े, जिससे भालू वापस जंगल की तरफ भाग गया और उनकी जान बाल-बाल बच गई।
भालू का आतंक यहीं तक सीमित नहीं है। इससे कुछ दिन पहले ही धारगौरा पंचायत के कोटी गांव में भालू ने एक गोशाला में घुसकर एक ही रात में 80 भेड़ों को मार डाला था। ग्रामीण इस सदमे से उबर भी नहीं पाए थे कि तीन दिन बाद फिर उसी पशुशाला में घुसकर भालू ने पांच और भेड़ों को अपना शिकार बना लिया। इन दो हमलों में अब तक कुल 85 भेड़ें मारी जा चुकी हैं।
रेस्क्यू में जुटी टीम, मौसम बना बाधा
कोटला में हुए हमले के बाद वन विभाग रामपुर की टीम ने भालू को सुरक्षित पकड़ने के लिए सर्च ऑपरेशन शुरू कर दिया है। डीएफओ गुरहर्ष सिंह ने बताया कि विभाग लगातार भालू को रेस्क्यू करने की कोशिश कर रहा है, लेकिन शुक्रवार को खराब मौसम और पहाड़ी इलाके की वजह से इस अभियान को अस्थायी रूप से रोकना पड़ा।
पिंजरे लगाने की मांग और विभाग की अपील
लगातार हो रहे इन हमलों से ग्रामीणों में भारी दहशत है। लोग अब खेत और बगीचों में अकेले जाने से डर रहे हैं, वहीं बच्चों को स्कूल भेजने में भी घबराहट हो रही है। ग्रामीणों ने मांग की है कि वन विभाग तुरंत प्रभावित इलाकों में पिंजरे लगाए और रात्रि गश्त बढ़ाए। इस बीच, वन विभाग ने लोगों से अपील की है कि वे शाम के बाद अकेले जंगल या खेतों की तरफ न जाएं और भालू दिखने पर तुरंत विभाग को सूचित करें।
