बोर्ड-निगमों के कामकाज की होगी नियमित समीक्षा, CM की घोषणाओं पर भी रहेगी विशेष नजर
एचबीपीई चेयरमैन ने बोर्डों-संस्थाओं से तय लक्ष्य और समयबद्ध कार्ययोजना बनाने को कहा
हरियाणा सरकार से जुड़े बोर्डों, निगमों और स्वायत्त संस्थाओं के कामकाज को अब केवल योजनाएं बनाने तक सीमित नहीं रखा जाएगा। उनके स्पष्ट लक्ष्य तय करने, समयबद्ध कार्ययोजना बनाने और परिणामों की नियमित समीक्षा पर जोर दिया गया है। मुख्यमंत्री की लंबित घोषणाओं की प्रगति भी नियमित रूप से जांची जाएगी। हरियाणा बोर्ड ऑफ पब्लिक एंटरप्राइजेज (एचबीपीई) के चेयरमैन मोहन लाल बड़ौली ने बुधवार को हरियाणा निवास में बोर्डों, निगमों, स्वायत्त निकायों और संस्थाओं के प्रमुख अधिकारियों की बैठक में यह निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ पात्र लोगों तक पहुंचाना संस्थाओं की प्राथमिक जिम्मेदारी है। बैठक में मुख्यमंत्री के ओएसडी भारत भूषण भारती ने स्टाफ की कमी और अन्य प्रशासनिक अड़चनों को चिन्हित कर उनके समाधान के लिए कार्रवाई करने को कहा। उन्होंने बोर्डों और संस्थाओं के बीच बेहतर समन्वय पर जोर देते हुए कहा कि कामकाज में आने वाली बाधाओं को समय रहते दूर किया जाए। बैठक में हरियाणा राज्य कृषि विपणन बोर्ड के अध्यक्ष वेदपाल समेत विभिन्न बोर्डों के अध्यक्षों और अधिकारियों ने अपने संस्थानों की उपलब्धियों, कार्ययोजनाओं और समस्याओं की जानकारी दी।
सीएम घोषणाओं की भी होगी पड़ताल
भारती ने अधिकारियों से मुख्यमंत्री द्वारा की गई घोषणाओं की स्थिति की नियमित समीक्षा करने और लंबित घोषणाओं को प्राथमिकता के आधार पर आगे बढ़ाने को कहा। इसके लिए संबंधित विभागों के साथ समन्वय कर समयबद्ध कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।
अधिकारियों को देना होगा समय पर जवाब
मोहन लाल बड़ौली ने बोर्डों और संस्थाओं से अपनी योजनाओं और उपलब्ध सुविधाओं की जानकारी आमजन तक पहुंचाने के लिए कार्यालयों में डिस्प्ले बोर्ड लगाने और वेबसाइट नियमित अपडेट करने को कहा। उन्होंने अध्यक्षों और अधिकारियों से जनता के लिए पर्याप्त समय निकालने, शिकायतें सुनने और संबंधित अधिकारियों के साथ समन्वय कर समाधान कराने की अपेक्षा की।

