अंबाला छावनी के राजकीय PG कॉलेज का नाम बदलेगा, अब ‘आचार्य रघुवीर' के नाम से होगी नई पहचान
मुख्यमंत्री ने नाम परिवर्तन के प्रस्ताव को दी मंजूरी, नीति में छूट भी दी ; भारतीय संस्कृति, संस्कृत और हिंदी के महान विद्वान थे आचार्य रघुवीर
Haryana News: हरियाणा सरकार ने प्रदेश के शिक्षण संस्थानों को महान शिक्षाविदों और राष्ट्रनिर्माताओं से जोड़ने की दिशा में बड़ा निर्णय लिया है। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने अंबाला छावनी स्थित राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय का नाम बदलकर ‘आचार्य रघुवीर राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय, अंबाला छावनी' करने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है। इसके लिए सरकार की मौजूदा नामकरण नीति में आवश्यक छूट भी प्रदान की गई है। शिक्षा मंत्री महीपाल ढांडा ने कहा कि यह निर्णय विद्यार्थियों को भारतीय ज्ञान परंपरा, संस्कृति और राष्ट्रसेवा के आदर्शों से जोड़ने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।
मुख्यमंत्री ने दी नाम परिवर्तन को मंजूरी
शिक्षा मंत्री ने बताया कि मुख्यमंत्री ने अंबाला छावनी के राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय का नाम आचार्य रघुवीर के नाम पर रखने के प्रस्ताव को स्वीकृति देते हुए संबंधित नीति में आवश्यक छूट देने के निर्देश भी दिए हैं। इससे महाविद्यालय की नई पहचान आचार्य रघुवीर के नाम से होगी।
महान शिक्षाविद और भारतीय संस्कृति के विद्वान थे आचार्य रघुवीर
महीपाल ढांडा ने कहा कि आचार्य रघुवीर देश के प्रख्यात शिक्षाविद, भाषाविद, संस्कृत के विद्वान और भारतीय संस्कृति के प्रमुख संरक्षक थे। उन्होंने भारतीय ज्ञान परंपरा, संस्कृति और भाषाओं के संरक्षण एवं संवर्धन में उल्लेखनीय योगदान दिया। साथ ही वे राष्ट्रभाषा हिंदी के भी प्रबल समर्थक रहे।
विद्यार्थियों को मिलेगी प्रेरणा
शिक्षा मंत्री के अनुसार महाविद्यालय का नाम आचार्य रघुवीर के नाम पर रखने से विद्यार्थियों को उनके जीवन, विद्वता, राष्ट्रसेवा और सांस्कृतिक मूल्यों से प्रेरणा मिलेगी। सरकार का उद्देश्य नई पीढ़ी को देश के महान व्यक्तित्वों के योगदान से परिचित कराना है।
शिक्षा और सांस्कृतिक विरासत के संरक्षण पर सरकार का जोर
शिक्षा मंत्री ने कहा कि राज्य सरकार शिक्षा का बुनियादी ढांचा मजबूत करने के साथ-साथ विद्यार्थियों में राष्ट्रभक्ति, सांस्कृतिक गौरव और नैतिक मूल्यों को भी बढ़ावा देने के लिए लगातार काम कर रही है। उन्होंने इस निर्णय के लिए मुख्यमंत्री का आभार जताते हुए कहा कि हरियाणा सरकार शिक्षा और सांस्कृतिक विरासत के संरक्षण के प्रति पूरी तरह प्रतिबद्ध है।

