Haryana News : मुख्य सचिव की कुर्सी छह माह और 'लॉक', अनुराग रस्तोगी को मिला दूसरा सेवा विस्तार
केंद्र ने मंजूर किया हरियाणा सरकार का प्रस्ताव, अब 31 दिसंबर तक बने रहेंगे मुख्य सचिव
Haryana News : हरियाणा की नौकरशाही के शीर्ष पद पर अगले छह महीने तक किसी बदलाव की संभावना खत्म हो गई है। केंद्र सरकार ने मुख्य सचिव अनुराग रस्तोगी को दूसरा सेवा विस्तार देने के हरियाणा सरकार के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है। इसके साथ ही, रस्तोगी अब 31 दिसंबर, 2026 तक मुख्य सचिव बने रहेंगे। उनका एक वर्ष का पहला सेवा विस्तार मंगलवार को पूरा हो रहा था।
अंतिम दिन केंद्र से मंजूरी मिलने के बाद सरकार ने उनके दूसरे विस्तार पर मुहर लगा दी। इस फैसले के साथ मुख्य सचिव बनने की कतार में खड़े प्रदेश के दो सबसे वरिष्ठ आईएएस अधिकारियों - सुधीर राजपाल (होम सेक्रेटरी) और डॉ. सुमिता मिश्रा (एफसीआर तथा राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग की अतिरिक्त मुख्य सचिव) की उम्मीदों को झटका लगा है। अगले छह महीने तक शीर्ष प्रशासनिक नेतृत्व में बदलाव की संभावना लगभग समाप्त हो गई है।
1990 बैच के आईएएस अधिकारी राजा शेखर वुंडरू अगले माह 31 जुलाई को सेवानिवृत्त हो जाएंगे। इसी बैच के सुधीर राजपाल का कार्यकाल 30 नवंबर, 2026 तक है। वहीं 1990 बैच की वरिष्ठ आईएएस अधिकारी डॉ. सुमिता मिश्रा 31 जनवरी 2027 को रिटायर होंगी। अब चूंकि अनुराग रस्तोगी 31 दिसंबर तक मुख्य सचिव रहेंगे तो सुमिता मिश्रा के पास मुख्य सचिव बनने की सैद्धांतिक संभावना केवल एक माह की बचेगी। हालांकि प्रशासनिक हलकों में इसकी संभावना बेहद कम मानी जा रही है।
दूसरी बार विस्तार पाने वाले चुनिंदा मुख्य सचिवों में शामिल
अनुराग रस्तोगी देश के उन गिने-चुने मुख्य सचिवों में शामिल हो गए हैं, जिन्हें एक वर्ष के सेवा विस्तार के बाद दूसरी बार भी कार्यकाल बढ़ाया गया है। इससे पहले उत्तर प्रदेश के तत्कालीन मुख्य सचिव दुर्गा शंकर मिश्र को 31 दिसंबर, 2021 को सेवानिवृत्ति के बाद दो बार एक-एक वर्ष तथा एक बार छह माह का विस्तार मिला था। कुल मिलाकर उनका कार्यकाल ढाई वर्ष बढ़ाया गया, जो अब तक का रिकॉर्ड माना जाता है। वहीं ओडिशा के तत्कालीन मुख्य सचिव मनोज आहूजा को पहली जनवरी, 2025 से एक वर्ष का विस्तार मिला था, लेकिन उसके बाद दूसरा विस्तार नहीं दिया गया। इसी तरह हिमाचल प्रदेश के तत्कालीन मुख्य सचिव प्रबोध सक्सेना को पहली अप्रैल, 2025 से छह माह का विस्तार मिला, जो 30 सितंबर 2025 को समाप्त होने के बाद आगे नहीं बढ़ाया गया।
अंतिम दिन आया आदेश, फिर लौटा कामकाज
मंगलवार को अपने पहले सेवा विस्तार के अंतिम दिन अनुराग रस्तोगी पूरे दिन कार्यालय में मौजूद रहे। सूत्रों के अनुसार दूसरे सेवा विस्तार की औपचारिक मंजूरी आने तक उन्होंने नई फाइलों पर निर्णय नहीं लिया। केंद्रीय कार्मिक एवं प्रशिक्षण विभाग से विस्तार संबंधी आदेश मिलने के बाद उन्होंने नियमित कामकाज शुरू किया और लंबित फाइलों का निस्तारण किया।
निलंबित आईएएस प्रदीप डागर भी रिटायर
661 करोड़ रुपये के चर्चित बैंक घोटाले की जांच का सामना कर रहे निलंबित आईएएस अधिकारी प्रदीप डागर मंगलवार को सेवानिवृत्त हो गए। बैंक घोटाले में नाम सामने आने के बाद राज्य सरकार ने उन्हें आठ अप्रैल को परिवहन विभाग के निदेशक एवं विशेष सचिव पद से निलंबित कर दिया था। सीबीआई की जांच और निलंबन के बीच उनका सेवा कार्यकाल समाप्त होना हरियाणा के प्रशासनिक तंत्र का एक असामान्य घटनाक्रम माना जा रहा है। हालांकि सेवानिवृत्ति के बाद भी उनके खिलाफ चल रही जांच और अन्य कानूनी कार्रवाई पहले की तरह जारी रहेगी।
इस साल आठ आईएएस अधिकारी होंगे सेवानिवृत्त
हरियाणा कैडर में वर्ष 2026 के दौरान आठ वरिष्ठ आईएएस अधिकारी सेवानिवृत्त होंगे।
अधिकारी -- रिटायरमेंट
राजा शेखर वुंडरू (1990 बैच) -- 31 जुलाई
डी़ सुरेश (1995 बैच) -- 31 अगस्त
अरुण गुप्ता (1992 बैच) -- 30 सितंबर
अनीता यादव (2004 बैच) -- 30 सितंबर
गीता भारती (2005 बैच) -- 30 सितंबर
संजय जून (2003 बैच) -- 31 अक्टूबर
सुधीर राजपाल (1990 बैच) -- 30 नवंबर

