अंबाला में 100 बेड का ESI अस्पताल, 70 हजार कामगारों को मिलेगा सीधा लाभ
अंबाला छावनी में लंबे समय से प्रस्तावित 100 बिस्तरों के ईएसआईसी अस्पताल के निर्माण का रास्ता अब साफ हो गया है। श्रम मंत्री अनिल विज ने सोमवार को ईएसआईसी, श्रम विभाग और एचएसवीपी के अधिकारियों के साथ बैठक में अस्पताल...
अंबाला छावनी में लंबे समय से प्रस्तावित 100 बिस्तरों के ईएसआईसी अस्पताल के निर्माण का रास्ता अब साफ हो गया है। श्रम मंत्री अनिल विज ने सोमवार को ईएसआईसी, श्रम विभाग और एचएसवीपी के अधिकारियों के साथ बैठक में अस्पताल के लिए सेक्टर-33 में उपलब्ध 5.18 एकड़ जमीन की रजिस्ट्री जल्द कराने और इसके बाद ईएसआईसी को कब्जा सौंपने के निर्देश दिए।
इसके साथ ही जमीन की चारदीवारी, भवन का नक्शा और निर्माण के लिए टेंडर प्रक्रिया को भी प्राथमिकता से पूरा करने को कहा गया है। बैठक में श्रम विभाग के प्रधान सचिव राजीव रंजन, श्रम आयुक्त विजय कुमार भावीकटी, एचएसवीपी प्रशासक मोनिका गुप्ता, ईएसआईसी के क्षेत्रीय निदेशक हरिओम प्रकाश और ईएसआईएस निदेशक अंजलि सचदेवा सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।
13 करोड़ की जमीन, अब कब्जा देने की तैयारी
अस्पताल के लिए एचएसवीपी की 5.18 एकड़ जमीन उपलब्ध कराई जानी है। केंद्र सरकार इसके लिए करीब 13 करोड़ रुपये मंजूर कर चुकी है। अब अगला कदम जमीन की रजिस्ट्री और ईएसआईसी को कब्जा देना है। विज ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि रजिस्ट्री और कब्जे की प्रक्रिया में अनावश्यक देरी नहीं होनी चाहिए। इसके साथ ही जमीन की चारदीवारी का काम शुरू करने, अस्पताल का नक्शा तैयार करने और निर्माण के लिए निविदाएं आमंत्रित करने की प्रक्रिया भी तेजी से पूरी की जाए।
साहा औद्योगिक क्षेत्र के हजारों कामगारों को भी फायदा
अस्पताल बनने का सबसे बड़ा फायदा अंबाला छावनी के साथ साहा औद्योगिक क्षेत्र और आसपास के इलाकों में काम करने वाले बीमाकृत कर्मचारियों को मिलेगा। सरकार के अनुसार अंबाला और आसपास के जिलों में करीब 70 हजार बीमाकृत श्रमिक और उनके परिवार इस सुविधा के दायरे में आएंगे। अभी गंभीर बीमारी या विशेषज्ञ उपचार के लिए मरीजों को दूसरे बड़े स्वास्थ्य संस्थानों पर निर्भर रहना पड़ता है। अस्पताल शुरू होने के बाद स्थानीय स्तर पर ही विशेषज्ञ चिकित्सा और जांच सुविधाएं मिलने की उम्मीद है। विज ने कहा कि अस्पताल का उद्देश्य बीमाकृत कर्मचारियों और उनके परिवारों को उनके आसपास ही समय पर और बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराना है।
100 बेड का अस्पताल, आईसीयू से ट्रॉमा तक सुविधा
प्रस्तावित अस्पताल में सामान्य उपचार के साथ कई विशेषज्ञ सेवाएं उपलब्ध होंगी। इसमें मेडिसिन, सर्जरी, स्त्री एवं प्रसूति रोग, बाल रोग, हड्डी रोग, ईएनटी, नेत्र, त्वचा और मनोरोग जैसी सेवाएं शामिल होंगी। अस्पताल में 24 घंटे आपातकालीन एवं ट्रॉमा केयर, आईसीयू, इनडोर और आउटडोर उपचार तथा डे-केयर सेवाएं भी उपलब्ध कराने की योजना है। जांच के लिए एक्स-रे, अल्ट्रासाउंड, ईसीजी, सीबीसी, एलएफटी, केएफटी, लिपिड प्रोफाइल, ब्लड शुगर और अन्य जरूरी जांचों की सुविधा होगी। एमआरआई जैसी उन्नत जांच सुविधा भी प्रस्तावित है।
बहादुरगढ़ ईएसआई अस्पताल का काम अंतिम चरण में
बैठक में प्रदेश में चल रही अन्य ईएसआई स्वास्थ्य परियोजनाओं की भी समीक्षा की गई। अधिकारियों ने बताया कि बहादुरगढ़ के ईएसआईसी अस्पताल का निर्माण अंतिम चरण में है। इसके अलावा राज्य में ईएसआई अस्पतालों और डिस्पेंसरियों से जुड़े अन्य कार्यों की प्रगति की भी जानकारी दी गई। विज ने कहा कि अंबाला छावनी का अस्पताल बीमाकृत श्रमिकों के लिए महत्वपूर्ण स्वास्थ्य सुविधा होगा और इसे जल्द जमीन पर उतारने के लिए संबंधित विभागों के बीच समन्वय के साथ काम किया जाएगा।

