पांच राज्यों में मतदाता क्षेत्रीय दलों को जिताएं चुनाव : दुष्यंत
पश्चिम बंगाल सहित देश में इन दिनों हो रहे पांच राज्यों के चुनाव को लेकर जजपा नेता और पूर्व डिप्टी सीएम दुष्यन्त चौटाला के निशाने पर कांग्रेस और भाजपा दोनों राष्ट्रीय पार्टियां आ गई हैं। उन्होंने वहां के मतदाताओं से...
पश्चिम बंगाल सहित देश में इन दिनों हो रहे पांच राज्यों के चुनाव को लेकर जजपा नेता और पूर्व डिप्टी सीएम दुष्यन्त चौटाला के निशाने पर कांग्रेस और भाजपा दोनों राष्ट्रीय पार्टियां आ गई हैं। उन्होंने वहां के मतदाताओं से इन चुनावों में वहां की रिजनल पार्टियों को जिताने की अपील की है।
दुष्यन्त चौटाला मंगलवार को झज्जर में जजपा के बैकवर्ड सैल के कार्यकर्ताओं को सम्बोधित करने पहुंचे थे। उन्होंने इस दौरान मीडिया से बातचीत की। दुष्यंत चौटाला ने अपने दादा और पूर्व उप-प्रधानमंत्री स्वर्गीय चौ. देवीलाल को याद करते हुए कहा कि चौ. देवीलाल ही कहा करते थे कि रिजनल पार्टियां एक तरह से आेरिजनल पार्टियां होती है और वही अपने मतदाताओं का दुख-दर्द समझ सकती है। इसीलिए वह चाहते है कि इन पांच राज्यों के चुनाव में वहां की रिजनल पार्टियां जीतकर आएं और वहां की सरकारों का नेतृत्व करें। उन्होंने इन पांच राज्यों के चुनाव सम्पन्न होते ही देश में बड़े अंतर से पेट्रोल और डीजल के दाम बढ़ने का दावा किया। उन्होंने कहा कि ऐसा हुआ तो इसकी मार किसान और आमजन दोनों को झेलनी पड़ेगी। भविष्य में उन्होंने खाद की कमी होने की बात कही। उन्होंने कहा कि नेशनल मीडिया ने पहले ही एक तरह से जानकारी दे डाली है कि आने वाले समय में देश के अंदर बीस प्रतिशत खाद की कमी होने वाली है। इस दौरान उन्होंने कांग्रेस के प्रदेश व केन्द्र के नेतृत्व पर अपना निशाना साधा।
उन्होंने कहा कि उन्हें यह कहते हुए कतई गलत नहीं लग रहा कि इन दिनों न सिर्फ हरियाणा में बल्कि केन्द्र में भी नेतृत्व एक तरह से कमजोर हाथों में है। कारण कि जिस नेता ने प्रदेश में पूरी कांग्रेस का सत्यानाश कर दिया हो उस पर पार्टी का नेतृत्व कोई फैसला हीं न ले पाए। हाल हीं में सम्पन्न हुए हरियाणा के राज्यसभा चुनाव को दुष्यन्त चौटाला ने पूर्व सीएम चौ. भूपेन्द्र सिंह हुड्डा की बेईमानी का हिस्सा बताया। उन्होंने कहा कि यह कैसे हो सकता है कि क्रॉस वोटिंग करने वाले विधायकों के नाम तो हुड्डा व पार्टी प्रभारी बीके हरिप्रसाद को पता हैं और जिनके वोट कैन्सिल हुए हैं, उनके नाम उन्हें नहीं पता। जबकि सभी कांग्रेस विधायकों का कहना है कि जिस तरह से क्रॉस वोटिंग करने वालों के नाम सार्वजनिक हुए हैं, वोट कैन्सिल होने वाले विधायकों के नाम भी सार्वजनिक होने चाहिए। उन्होंने भाजपा पर राज्यसभा चुनाव के बदले एजेएल मामले में सीबीआई की रिलीफ का तोहफा दिए जाने का आरोप लगाया।

