सफाई कर्मचारियों की हड़ताल 14 मई तक बढ़ी, शहर में बिगड़े हालात
भिवानी में नगर परिषद के सफाई कर्मचारियों की हड़ताल रविवार को 11वें दिन भी जारी रही। नगरपालिका कर्मचारी संघ हरियाणा के आह्वान पर चल रही इस हड़ताल के कारण शहर की सफाई व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गई है। जगह-जगह...
भिवानी में नगर परिषद के सफाई कर्मचारियों की हड़ताल रविवार को 11वें दिन भी जारी रही। नगरपालिका कर्मचारी संघ हरियाणा के आह्वान पर चल रही इस हड़ताल के कारण शहर की सफाई व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गई है। जगह-जगह डस्टबिन ओवरफ्लो हो चुके हैं और सड़कों पर कूड़े के ढेर लगने से लोगों का जीना मुश्किल हो गया है।
हड़ताल के चलते शहर के रिहायशी इलाकों से लेकर मुख्य बाजारों तक कचरे के अंबार लगे हुए हैं। भीषण गर्मी के बीच उठ रही दुर्गंध से महामारी फैलने का खतरा बढ़ गया है। मुख्य सड़कों पर फैले कचरे के कारण राहगीरों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
सोमवार को नगर परिषद कार्यालय के बाहर धरने पर बैठे कर्मचारियों को विभिन्न राजनीतिक और कर्मचारी संगठनों ने समर्थन दिया। इस दौरान कांग्रेस शहरी जिला अध्यक्ष प्रदीप जोगी, जजपा नेता मदन जूसवाला, जजपा जिला प्रधान जितेंद्र धारेडू, प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य प्रदीप गोयल, युवा जिला अध्यक्ष सेठी धनाना, इनसो जिला अध्यक्ष जयदीप ग्रेवाल, सुरेश बागड़ी, अशोक सिहाग तथा पीडब्ल्यू मैकेनिकल वर्कर्स यूनियन-41 के पदाधिकारी धरना स्थल पर पहुंचे।
समस्याओं की अनदेखी का आरोप
नगर पालिका कर्मचारी संघ के प्रदेश सचिव पुरुषोत्तम दानव ने सरकार पर कर्मचारियों और जनता की समस्याओं की अनदेखी का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि 11 दिनों से कर्मचारी सड़कों पर संघर्ष कर रहे हैं, लेकिन सरकार उनकी मांगों को लेकर गंभीर नहीं है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि सरकार ने जल्द समाधान नहीं निकाला तो सफाई व्यवस्था का संकट प्रदेश के लिए बड़ी स्वास्थ्य आपदा का रूप ले सकता है।
दानव ने बताया कि कर्मचारियों ने अपनी हड़ताल 14 मई तक बढ़ा दी है। उन्होंने कहा कि मांगें पूरी होने तक आंदोलन जारी रहेगा और कर्मचारी पीछे हटने वाले नहीं हैं।
धरने के दौरान कांग्रेस और जजपा नेताओं ने भी सरकार की कार्यप्रणाली की आलोचना करते हुए कर्मचारियों की मांगों का समर्थन किया। इस मौके पर बड़ी संख्या में सफाई कर्मचारी और विभिन्न संगठनों के प्रतिनिधि मौजूद रहे।
Live Matches
दूरदृष्टा, जनचेतना के अग्रदूत, वैचारिक स्वतंत्रता के पुरोधा एवं समाजसेवी सरदार दयालसिंह मजीठिया ने 2 फरवरी, 1881 को लाहौर (अब पाकिस्तान) से ‘द ट्रिब्यून’ का प्रकाशन शुरू किया। विभाजन के बाद लाहौर से शिमला व अंबाला होते हुए यह समाचार पत्र अब चंडीगढ़ से प्रकाशित हो रहा है।
‘द ट्रिब्यून’ के सहयोगी प्रकाशनों के रूप में 15 अगस्त, 1978 को स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर दैनिक ट्रिब्यून व पंजाबी ट्रिब्यून की शुरुआत हुई। द ट्रिब्यून प्रकाशन समूह का संचालन एक ट्रस्ट द्वारा किया जाता है।
हमें दूरदर्शी ट्रस्टियों डॉ. तुलसीदास (प्रेसीडेंट), न्यायमूर्ति डी. के. महाजन, लेफ्टिनेंट जनरल पी. एस. ज्ञानी, एच. आर. भाटिया, डॉ. एम. एस. रंधावा तथा तत्कालीन प्रधान संपादक प्रेम भाटिया का भावपूर्ण स्मरण करना जरूरी लगता है, जिनके प्रयासों से दैनिक ट्रिब्यून अस्तित्व में आया।
- Reach us
- Archive
- Dainik Tribune online
- Dainik Tribune Epaper
- Dainik Tribune App - Android
- Dainik Tribune App - ios
- The Tribune Epaper
- The Tribune App - Android
- The Tribune App - iOS
- Punjabi Tribune online
- Punjabi Tribune Epaper
- Punjabi Tribune App - Android
- Punjabi Tribune App - iOS
- Subscribe To Print Edition
- Contact Us
- About Us
- Code of Ethics

