अवैध शैक्षणिक संस्थानों के खिलाफ प्राइवेट स्कूल एसोसिएशन का मोर्चा
15 अप्रैल से स्कूलों की चाबियां उपायुक्त को सौंपने का अभियान भिवानी से शुरू होगा
प्राइवेट स्कूल वेलफेयर एसोसिएशन हरियाणा ने प्रदेश में अवैध रूप से संचालित अकेडमी, कोचिंग सेंटर, प्ले स्कूल और गैर-मान्यता प्राप्त स्कूलों के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। एसोसिएशन ने ऐसे संस्थानों को बंद करवाने के लिए आंदोलन शुरू करने की घोषणा की है।
एसोसिएशन के प्रदेशाध्यक्ष रामोतार शर्मा ने बताया कि 15 अप्रैल से इस अभियान की शुरुआत भिवानी से की जाएगी। इसके तहत मान्यता प्राप्त निजी स्कूलों के प्रतिनिधि अपनी स्कूल बसों की चाबियां जिला उपायुक्त को सौंपेंगे। इसके बाद प्रदेश के सभी जिलों में इसी तरह के प्रदर्शन किए जाएंगे।
उन्होंने कहा कि इस आंदोलन में टीचिंग व नॉन-टीचिंग स्टाफ के साथ-साथ विद्यार्थियों के अभिभावकों को भी शामिल किया जाएगा, ताकि अवैध संस्थानों के खिलाफ व्यापक स्तर पर आवाज उठाई जा सके।
प्राइवेट स्कूल एसोसिएशन की अभिभावकों से अपील
रामोतार शर्मा ने अभिभावकों से अपील करते हुए कहा कि अवैध स्कूलों की पहचान करना जरूरी है। ऐसे संस्थानों में न तो बिल्डिंग सुरक्षा मानक पूरे होते हैं, न फायर एनओसी होती है और न ही बुनियादी सुविधाएं जैसे दो निकास द्वार, रैंप, पर्याप्त वेंटिलेशन और खेल मैदान उपलब्ध होते हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि इन स्कूलों में बच्चों को असुरक्षित वातावरण में ठूंस-ठूंसकर पढ़ाया जाता है और स्टाफ का पुलिस सत्यापन भी नहीं होता।
उन्होंने बताया कि केवल भिवानी जिले में ही 29 से अधिक अवैध अकेडमी और कोचिंग सेंटर तथा करीब 100 प्ले स्कूल संचालित हो रहे हैं। प्रशासन को कई बार अवगत कराने के बावजूद इन पर कार्रवाई नहीं हो रही, जिस पर उन्होंने दबाव होने के आरोप भी लगाए।
एसोसिएशन ने यह भी कहा कि यदि प्रशासन ने जल्द कार्रवाई नहीं की तो प्रदेशभर के निजी स्कूल एक दिन के लिए बंद कर विरोध दर्ज कराएंगे। साथ ही अभिभावकों से आग्रह किया गया कि वे अपने बच्चों का दाखिला केवल मान्यता प्राप्त और नियमों का पालन करने वाले संस्थानों में ही करवाएं।
इस अवसर पर एसोसिएशन के जिला प्रधान अमित डागर और श्रीमती गुरेजा सहित अन्य पदाधिकारी भी उपस्थित रहे।

