प्रदेश सरकार द्वारा मंडियों में खरीद के लागू किए गए नए नियमों के विरोध में जुलाना कस्बे की नई अनाज मंडी में मंगलवार को किसानों और आढ़तियों ने काली बैसाखी मनाई। इस दौरान किसानों और आढ़तियों ने बाजू पर काली पट्टी बांधकर रोष जताया और सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। किसानों का कहना है कि नए नियमों के चलते उन्हें फसल बेचने में कई तरह की परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। भारतीय किसान यूनियन के जिला प्रधान नरेंद्र ढांडा ने बताया कि मंडियों में लागू की गई नई व्यवस्था के कारण उन्हें लंबे समय तक इंतजार करना पड़ रहा है।
खासकर बायोमेट्रिक प्रक्रिया और ऑनलाइन सिस्टम में आ रही दिक्कतों के कारण खरीद प्रक्रिया धीमी हो गई है। इससे किसानों की समय और मेहनत दोनों की बर्बादी हो रही है। आढ़तियों ने भी इन नियमों को अव्यवहारिक बताते हुए कहा कि इससे मंडी व्यवस्था पर नकारात्मक असर पड़ रहा है। प्रदर्शन के दौरान किसानों और आढ़तियों ने एकजुट होकर सरकार से मांग की है कि पुराने तरीके से फसल खरीद की व्यवस्था को बहाल किया जाए, ताकि उन्हें किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े। इस मौके पर आढ़ती एसोसिएशन के प्रधान पवन करसोला, पूर्व सरपंच कुलवंत लाठर, वीरेंद्र आर्य, नरेश ढांडा, जयपाल आदि मौजूद रहे।
