Hathin news : हथीन के छायसां गांव में काला पीलिया का तांडव: 24 घंटे में दो और मौतें, ग्रामीणों में दहशत
दूषित पेयजल की सप्लाई और जलभराव बना बड़ी वजह
Hathin news : हथीन उपमंडल के गांव छायसां में काला पीलिया का जानलेवा सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा है। पिछले 24 घंटों के दौरान गांव में दो और लोगों की मौत हो गई है, जिससे पूरे इलाके में डर का माहौल बना हुआ है। वर्तमान में चार-पांच लोग अस्पताल में भर्ती हैं और गांव में 10 से ज्यादा लोग बीमार हैं। बीमारों की बढ़ती संख्या ने ग्रामीणों की चिंता बढ़ा दी है।
गांव निवासी रामेश्वर सिंह ने बताया कि गांव में जलभराव की गंभीर समस्या बनी हुई है। इसके साथ ही, पेयजल की पाइप लाइनें कई जगह से लीक हो रही हैं, जिसके कारण घरों में दूषित पानी की सप्लाई हो रही है। ग्रामीणों का आरोप है कि इसी गंदे पानी के सेवन से गांव में बीमारी पैर पसार रही है। उन्होंने प्रशासन पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए कहा कि स्वास्थ्य विभाग की ओर से न तो उचित चिकित्सा सुविधाएं दी जा रही हैं और न ही पर्याप्त दवाइयां उपलब्ध कराई जा रही हैं।
स्वास्थ्य विभाग और ग्रामीणों के दावों में विरोधाभास
छायसां प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र के डॉक्टर देवेंद्र का इस मामले पर अलग ही तर्क है। उनका कहना है कि स्वास्थ्य विभाग की टीम स्थिति पर पूरी तरह नजर रखे हुए है और डॉक्टरों की टीम अस्पताल में 24 घंटे मुस्तैद है। डॉक्टर देवेंद्र ने दावा किया कि हाल ही में हुई दोनों मौतें काला पीलिया की वजह से नहीं हुई हैं। उन्होंने कहा कि कोई भी बीमार व्यक्ति अस्पताल आकर जांच करा सकता है और दवा ले सकता है। हालांकि, ग्रामीण स्वास्थ्य विभाग के इन दावों से पूरी तरह असहमत नजर आ रहे हैं।
जनवरी से अब तक 20 से ज्यादा लोग गंवा चुके हैं जान
गांव में इस जानलेवा बीमारी की शुरुआत जनवरी माह में हुई थी, जब दो युवकों की अचानक मौत से शोक की लहर दौड़ गई थी। इसके बाद फरवरी में मौतों का सिलसिला और तेज हुआ और देखते ही देखते करीब 18 लोगों की जान चली गई। हालांकि मार्च में स्थिति कुछ हद तक नियंत्रण में रही, लेकिन अप्रैल की शुरुआत में फिर से मौतों का दौर शुरू हो गया है। एक मौत मंगलवार को और दूसरी आज बुधवार को हुई है, जिसके बाद गांव में मौतों का कुल आंकड़ा 20 को पार कर गया है। गंभीर रूप से बीमार लोगों को उनके परिजन निजी अस्पतालों में भर्ती कराने को मजबूर हैं।

