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चरखी दादरी गीता महोत्सव 2024 : संस्कार, संस्कृति और भक्ति के रंगों से सजा मंच

चरखी दादरी में तीन दिवसीय जिला स्तरीय गीता महोत्सव का शुभारंभ शनिवार को हवन, यज्ञ और गीता पूजन के साथ हुआ। राजकीय मॉडल संस्कृति स्कूल में आयोजित इस भव्य कार्यक्रम का उद्घाटन दादरी विधायक सुनील सांगवान ने प्रशासनिक अधिकारियों के...

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चरखी दादरी में तीन दिवसीय जिला स्तरीय गीता महोत्सव का शुभारंभ शनिवार को हवन, यज्ञ और गीता पूजन के साथ हुआ। राजकीय मॉडल संस्कृति स्कूल में आयोजित इस भव्य कार्यक्रम का उद्घाटन दादरी विधायक सुनील सांगवान ने प्रशासनिक अधिकारियों के साथ किया। महोत्सव के पहले दिन छात्रों और कलाकारों ने संस्कार और संस्कृति से ओतप्रोत आकर्षक सांस्कृतिक कार्यक्रमों से समा बांधा।

कार्यक्रम में उपस्थित विद्यार्थियों द्वारा "बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ" संदेश पर आधारित प्रस्तुति दी गई, वहीं महिला सशक्तिकरण पर आधारित प्रभावशाली नाटक ने दर्शकों को जागरूक किया। मंच पर प्रस्तुत गीत, भजन और नृत्य प्रस्तुतियों ने गीता ज्ञान और भारतीय संस्कृति की झलक को और प्रभावशाली बना दिया।

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विधायक सुनील सांगवान ने कहा कि गीता महोत्सव केवल धार्मिक आयोजन नहीं, बल्कि हमारे सनातन धर्म, संस्कार और सांस्कृतिक विरासत का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि गीता का ज्ञान हमें अपनी जड़ों से जोड़े रखने के साथ जीवन में सद्मार्ग और कर्तव्यपालन की प्रेरणा देता है। उन्होंने युवाओं से आह्वान किया कि वे गीता के उपदेशों को जीवन में अपनाकर राष्ट्र निर्माण में योगदान दें।

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कार्यक्रम की शुरुआत मंत्रोच्चारण और यज्ञ में आहुति के साथ हुई। इस दौरान उपायुक्त डॉ. मुनीश नागपाल, पुलिस अधीक्षक अर्श वर्मा, भाजपा जिलाध्यक्ष सुनील इंजीनियर, एसडीएम योगेश सैनी व आशीष सांगवान, सीटीएम प्रीति रावत, समाजसेवी अशोक गाबा सहित अनेक विभागीय अधिकारी, सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधि और भाजपा पदाधिकारी उपस्थित रहे। सभी ने सामूहिक हवन में भाग लेकर जिले में शांति व समृद्धि की कामना की।

महोत्सव के दौरान विभिन्न विद्यालयों के विद्यार्थियों ने गीता के 18 अध्यायों पर आधारित प्रस्तुतियाँ दीं, जो दर्शकों के लिए आकर्षण का केंद्र रहीं। कार्यक्रम स्थल पर लगाए गए विभिन्न स्टॉलों ने भी महोत्सव की शोभा बढ़ाई।

शिल्प, आध्यात्म और संस्कृति का अद्भुत संगम बना गीता महोत्सव

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