बजट ऐतिहासिक; उच्च शिक्षा, शोध को लगेंगे पंख : महिपाल ढांडा
प्रदेश के शिक्षा मंत्री महिपाल ढांडा ने प्रदेश के बजट को ऐतिहासिक बताते हुए कहा कि यह बजट प्रदेश को विकसित राज्य बनाने की दिशा में मजबूत आधार तैयार करता है और इससे उच्च शिक्षा एवं शोध को पनख लगेंगे।...
प्रदेश के शिक्षा मंत्री महिपाल ढांडा ने प्रदेश के बजट को ऐतिहासिक बताते हुए कहा कि यह बजट प्रदेश को विकसित राज्य बनाने की दिशा में मजबूत आधार तैयार करता है और इससे उच्च शिक्षा एवं शोध को पनख लगेंगे। सीएम नायब सैनी द्वारा प्रस्तुत 223658 करोड़ रुपए का बजट पिछले वर्ष की तुलना में 10.28 प्रतिशत अधिक है। शिक्षा मंत्री महिपाल ढांडा मंगलवार को जींद में पत्रकारों से बातचीत कर रहे थे। उनके साथ बीजेपी के जिला प्रधान तिजेंद्र ढुल, बीजेपी के वरिष्ठ नेता जवाहर सैनी, मुख्यमंत्री के मीडिया कोऑर्डिनेटर अशोक छाबड़ा, गौरव भारद्वाज, भी थे। शिक्षा मंत्री ने बताया कि पिछले 11 वर्षों में प्रदेश की जीडीपी तीन गुना होकर 4.37 लाख करोड़ से बढ़कर 13.67 लाख करोड़ रुपये तक पहुंच गई है। प्रति व्यक्ति आय भी लगभग तीन गुना होकर 3.95 लाख रुपये के करीब पहुंच गई है। राजस्व घाटा और प्रभावी राजस्व घाटा दोनों में उल्लेखनीय कमी आई है, जिससे स्पष्ट है कि सरकार वित्तीय अनुशासन और कुशल प्रबंधन के साथ आगे बढ़ रही है। उन्होंने बताया कि शिक्षा को नई ऊंचाइयों पर लेकर जाने के लिए हर 10 किलोमीटर के दायरे में एक मॉडल संस्कृति विद्यालय स्थापित होगा। इसके अलावा 25 राजकीय मॉडल संस्कृति वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय शुरू किए जा चुके हैं। इसी कड़ी में चालू वित्त वर्ष के दौरान 250 विद्यालयों को भी विकसित करने का विजन रखा गया है। सुपर 400 बच्चों तक योजना का लाभ दिया है। जुलाई 2026 से प्रदेश के पांच राजकीय पॉलिटेक्निक संस्थानों में सायं कालीन एवं सप्ताहांत कक्षाएं प्रारंभ की जाएंगी। अनुसंधान करने वाले उत्कृष्ट विद्यार्थियों को सहयोग करने के लिए 10 करोड़ रुपये का कोष बनाया गया है। उच्च शिक्षा के क्षेत्र में भी 10 करोड़ रुपये का विशेष प्रावधान किया गया है। इसके अतिरिक्त हरियाणा राज्य अनुसंधान कोष के नाम से एक अलग कोष स्थापित किया गया है, जिसमें अनुसंधान के लिए 20 करोड़ रुपये की व्यवस्था की गई है।उन्होंने बताया कि पायलेट प्रोजेक्ट के तौर पर एआई एवं डिजिटल कॉलेज स्थापित करने का निर्णय भी लिया गया।

