गुजविप्रौवि में बॉलीवुड म्यूजिकल ईव का आयोजन, विद्यार्थियों ने बांधा समां
हिसार के गुरु जंभेश्वर विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय (गुजविप्रौवि) में गूंज क्लब के सौजन्य से बॉलीवुड म्यूजिकल ईव का आयोजन किया गया। कार्यक्रम विश्वविद्यालय के मयूर मंच सभागार में आयोजित हुआ, जिसमें विभिन्न विभागों के विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग...
हिसार के गुरु जंभेश्वर विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय (गुजविप्रौवि) में गूंज क्लब के सौजन्य से बॉलीवुड म्यूजिकल ईव का आयोजन किया गया। कार्यक्रम विश्वविद्यालय के मयूर मंच सभागार में आयोजित हुआ, जिसमें विभिन्न विभागों के विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. नरसी राम बिश्नोई ने अपने संदेश में कहा कि इस प्रकार के आयोजन विद्यार्थियों को अपनी छिपी प्रतिभा को उजागर करने का अवसर प्रदान करते हैं। उन्होंने गूंज क्लब के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे कार्यक्रम विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास में सहायक होते हैं और आत्मविश्वास व टीमवर्क की भावना को मजबूत करते हैं।
गूंज क्लब के मेंटर प्रो. खजान सिंह ने स्वागत संबोधन में विद्यार्थियों को सांस्कृतिक गतिविधियों में सक्रिय भागीदारी के लिए प्रेरित किया।
कार्यक्रम के दौरान प्रतिभागियों ने लोकप्रिय बॉलीवुड गीतों पर अपनी मधुर आवाज और भावपूर्ण प्रस्तुतियों से दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। दर्शकों ने भी हर प्रस्तुति का उत्साहपूर्वक स्वागत किया।
इस सांस्कृतिक संध्या की खास बात यह रही कि करीब 13 टीमों ने प्रतियोगिता में भाग लिया। लाइव सिंगिंग, ग्रुप परफॉर्मेंस और सोलो प्रस्तुतियों के माध्यम से प्रतिभागियों ने अपनी गायन प्रतिभा, मंच संचालन और रचनात्मकता का उत्कृष्ट प्रदर्शन किया। पूरा सभागार तालियों की गूंज से सराबोर रहा।
कार्यक्रम के अंत में डॉ. विनीता ने धन्यवाद प्रस्ताव प्रस्तुत करते हुए सभी के सहयोग के लिए आभार जताया। यह आयोजन विद्यार्थियों के लिए यादगार अनुभव साबित हुआ और विश्वविद्यालय में सांस्कृतिक गतिविधियों को बढ़ावा देने की दिशा में एक सराहनीय पहल रहा।
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दूरदृष्टा, जनचेतना के अग्रदूत, वैचारिक स्वतंत्रता के पुरोधा एवं समाजसेवी सरदार दयालसिंह मजीठिया ने 2 फरवरी, 1881 को लाहौर (अब पाकिस्तान) से ‘द ट्रिब्यून’ का प्रकाशन शुरू किया। विभाजन के बाद लाहौर से शिमला व अंबाला होते हुए यह समाचार पत्र अब चंडीगढ़ से प्रकाशित हो रहा है।
‘द ट्रिब्यून’ के सहयोगी प्रकाशनों के रूप में 15 अगस्त, 1978 को स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर दैनिक ट्रिब्यून व पंजाबी ट्रिब्यून की शुरुआत हुई। द ट्रिब्यून प्रकाशन समूह का संचालन एक ट्रस्ट द्वारा किया जाता है।
हमें दूरदर्शी ट्रस्टियों डॉ. तुलसीदास (प्रेसीडेंट), न्यायमूर्ति डी. के. महाजन, लेफ्टिनेंट जनरल पी. एस. ज्ञानी, एच. आर. भाटिया, डॉ. एम. एस. रंधावा तथा तत्कालीन प्रधान संपादक प्रेम भाटिया का भावपूर्ण स्मरण करना जरूरी लगता है, जिनके प्रयासों से दैनिक ट्रिब्यून अस्तित्व में आया।
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