बाबा जिंदा नाथ मेला- हरियाणा के अलावा कई प्रदेशों से पहुंचे श्रद्धालु
सोनीपत जिला के गांव मोई माजरी स्थित बाबा जिंदा डेरे में (बाबा जिंदा नाथ मेला) चैत्र शुक्ल चौदस के अवसर पर दो दिवसीय मेले के पहले दिन श्रद्धालुओं का सैलाब उमड़ पड़ा। मेले के दौरान आई तेज आंधी-बारिश भी श्रद्धालुओं...
सोनीपत जिला के गांव मोई माजरी स्थित बाबा जिंदा डेरे में (बाबा जिंदा नाथ मेला) चैत्र शुक्ल चौदस के अवसर पर दो दिवसीय मेले के पहले दिन श्रद्धालुओं का सैलाब उमड़ पड़ा। मेले के दौरान आई तेज आंधी-बारिश भी श्रद्धालुओं का रास्ता नहीं रोक पाई। मेले में आने वाले श्रद्धालुओं का सिलसिला तड़के करीब तीन बजे शुरू होकर अनवरत चलता रहा।
बाबा जिंदा नाथ मेला- महंत बालकनाथ ने किया शुभारंभ
इससे पहले बाबा जिंदा नाथ डेरे के गद्दीशीन महंत बालक नाथ ने पूजा-अर्चना के साथ मेले का शुभारंभ किया। मेले में पहले दिन भारी संख्या में श्रद्धालुओं ने बाबा जिंदा नाथ की समाधि पर माथा टेककर भविष्य के लिए मन्नतें मांगी। वहीं मनोकामना पूरी होने पर श्रद्धालुओं ने प्रसाद के रूप में गुड़, दूध, झाडू व कंबल आदि प्रसाद के रूप में चढ़ाया।
मान्यता है कि बाबा जिंदा नाथ पर माथा टेकने से किसी भी तरह की रसौली, मच्छ और पशुओं की बीमारियां दूर होती हैं। बाबा जिंदा नाथ डेरे पर आने वाले श्रद्धालुओं को धूने से भभूत, काले डोरे आदि आरोग्य व शांति प्रदान करने के लिए आशीर्वाद स्वरूप दिए गए।
मेले में आने वाले भक्तों के लिए डेरा की तरफ से आवागमन के लिए नि:शुल्क वाहनों की व्यवस्था की गई। इसके अलावा मेले में व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए महिला व पुरूष पुलिस बल की तैनाती की गई थी। जाम की स्थिति से निपटने के लिए मेले में वाहनों को खड़ा करने के लिए अलग से पार्किंग की भी व्यवस्था की गई है।
महंत बालक नाथ ने बताया कि बाबा जिंदा नाथ की समाधि पर पिछली पांच शताब्दी से मेले के रूप में धार्मिक आयोजन चले आ रहे हैं। यहां हरियाणा के अलावा देशभर से सभी जाति, धर्म, वर्ण व संप्रदाय के लोग पहुंचते हैं। मेले में बाबा जिंदा नाथ प्रबंध कमेटी की ओर से खास तौर पर भंडारे की भी व्यवस्था की गई थी।

