कनीना स्थित एक निजी फूड सप्लीमेंट निर्माण कंपनी के दो कर्मचारियों पर करीब 4.50 करोड़ रुपये के गबन का आरोप लगा है। पुलिस ने आर्थिक अपराध शाखा की जांच रिपोर्ट के आधार पर दोनों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पीएचसी कंपनी के संचालक कुलदीप सिंह ने पुलिस अधीक्षक नारनौल को दी शिकायत में बताया कि उनकी कंपनी में कार्यरत रिंकू उर्फ राहुल (निवासी कनीना) और मोहित चौहान (निवासी गांव करौली, पाटोदी, जिला गुरुग्राम) ने आपसी मिलीभगत से कंपनी को करोड़ों रुपये का नुकसान पहुंचाया है।
शिकायत के अनुसार कंपनी फूड सप्लीमेंट बनाने का कार्य करती है। सेल-परचेज की देखरेख के लिए जुलाई 2023 में रिंकू उर्फ राहुल तथा मई 2025 में मोहित चौहान को नियुक्त किया गया था। दोनों कर्मचारी कंपनी में तैयार होने वाले सप्लीमेंट की देखरेख और बिक्री का काम करते थे। आरोप है कि दोनों ने मिलीभगत कर सामान की हेराफेरी कर कंपनी को करीब 4.50 करोड़ रुपये का चूना लगाया।
जांच में सामने आया सच
कुलदीप सिंह ने बताया कि अपने स्तर पर की गई जांच में सामने आया कि रिंकू उर्फ राहुल ने कंपनी के पैसों से अपनी बहन को चार पहिया वाहन दिलवाया। साथ ही उसने अपने बहनोई योगेश के साथ मिलकर रेवाड़ी में करीब दो करोड़ रुपये का प्लॉट खरीदा। उसके बैंक खाते में करीब एक करोड़ रुपये की लेनदेन भी सामने आई है। इसके अलावा उसने हाल ही में नया मकान बनाया है तथा करीब 20 लाख रुपये का फाइनेंस भी कराया हुआ है, जबकि उसे कंपनी से 18 से 22 हजार रुपये प्रतिमाह वेतन मिलता था।
इसी प्रकार कंपनी के दूसरे कर्मचारी मोहित चौहान पर भी दो माह की अवधि में 23 लाख रुपये के गबन का आरोप है। उसके बैंक खाते से भी 25 से 26 लाख रुपये की लेनदेन सामने आई है। पुलिस अधीक्षक को दी गई शिकायत के बाद आर्थिक अपराध शाखा, नारनौल ने मामले की गहन जांच की, जिसमें लगाए गए आरोप प्रथम दृष्टया सही पाए गए।
कनीना शहर थाना प्रभारी राकेश कुमार ने बताया कि आर्थिक अपराध शाखा की रिपोर्ट मिलने के बाद दोनों कर्मचारियों के विरुद्ध भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी गई है।

