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गवारका में पंचायती भूमि से 10 साल पुराना अवैध कब्जा हटाया

तावड़ू खंड की ग्राम पंचायत ग्वारका में शुक्रवार सुबह भारी पुलिस बल की मौजूदगी में करीब 2 एकड़ पंचायती भूमि से दशकों पुराना अवैध कब्जा हटा दिया गया। एसडीएम कोर्ट के आदेश पर चली इस कार्रवाई में कई कच्चे-पक्के मकान...

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तावड़ू खंड की ग्राम पंचायत ग्वारका में शुक्रवार सुबह भारी पुलिस बल की मौजूदगी में करीब 2 एकड़ पंचायती भूमि से दशकों पुराना अवैध कब्जा हटा दिया गया। एसडीएम कोर्ट के आदेश पर चली इस कार्रवाई में कई कच्चे-पक्के मकान जेसीबी से ध्वस्त कर दिए गए। कब्जाधारियों ने रो-रोकर प्रशासन से गुहार लगाई, लेकिन प्रशासन ने सख्ती दिखाते हुए पूरी जमीन खाली करा ली। अब इस भूमि पर सरकारी प्राथमिक स्कूल बनाया जाएगा। ग्राम पंचायत प्रतिनिधि साकिब के अनुसार यह कब्जा लगभग 10 साल से अधिक पुराना था। गांव में सरकारी स्कूल के लिए जगह नहीं होने से बच्चे इंदिरा आवास कॉलोनी की छोटी-सी जगह व एससी चौपाल में पढ़ने को मजबूर थे। पंचायत ने पहले दो बार नोटिस जारी किए, फिर वीसीएल एक्ट के तहत एसडीएम कोर्ट में केस दायर किया। 30 जून को कोर्ट ने पंचायत के पक्ष में फैसला सुनाते हुए बेदखली के आदेश जारी किए। अवैध कब्जा करने वालों को नियम अनुसार नोटिस भी दिए गए थे। इसके बाद 20 नवंबर को बीडीपीओ तावड़ू ने थाना सदर तावड़ू को पत्र लिखकर 28 नवंबर को सुबह 11 बजे पुलिस सहायता मांगी थी,शुक्रवार को ड्यूटी मजिस्ट्रेट सह बीडीपीओ अरुण कुमार यादव की मौजूदगी में 30 पुरुष व 20 महिला पुलिसकर्मियों के साथ कार्रवाई शुरू हुई। जेसीबी, ट्रैक्टर-ट्रॉली व मजदूरों की मदद से सभी अवैध निर्माण ढहा दिए गए। 8कब्जाधारियों में मुकीम, धर्म, रहीश, हबीब, मुबीन, रिहाना, अजमेर, सतपाल, हनीफ, साकिर, शरीफ, इमरान समेत दो दर्जन से अधिक नाम शामिल थे। बीडीपीओ अरुण कुमार यादव ने बताया कि कोर्ट के स्पष्ट आदेश थे। पंचायती भूमि को अवैध कब्जे से मुक्त करा दिया गया है। अब यहां बच्चों के लिए सरकारी स्कूल बनेगा।कार्रवाई के  दौरान कुछ महिलाएं व बच्चे रोते-बिलखते रहे और प्रशासन से मकान बचाने की गुहार लगाते रहे, लेकिन भारी पुलिस बल के सामने कोई जोरदार विरोध नहीं हो सका। ग्राम पंचायत ने पहले ही सभी कब्जाधारियों को हाथ से नोटिस तामील करा दिए थे। इस कार्रवाई से गांव के बच्चों को जल्द ही नया स्कूल भवन मिलने की उम्मीद जागी है।

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