जोखिम से बचाएगी वार्मअप की आदत
सर्दियों में ठंड के बहाने व आलस के चलते कई लोग व्यायाम बिल्कुल छोड़ देते हैं। वहीं कुछ लोग सीधे हैवी एक्सरसाइज करते हैं। दोनों ही मामलों में नियमित तौरपर सुबह 10 से 15 मिनट वार्मअप जरूर करना चाहिए।...
सर्दियों में ठंड के बहाने व आलस के चलते कई लोग व्यायाम बिल्कुल छोड़ देते हैं। वहीं कुछ लोग सीधे हैवी एक्सरसाइज करते हैं। दोनों ही मामलों में नियमित तौरपर सुबह 10 से 15 मिनट वार्मअप जरूर करना चाहिए। जो लोग नियमित एक्सरसाइज करें, उन्हें भी पहले 8 से 10 मिनट तक हल्का वार्मअप करना जरूरी है। यानी गर्दन, कंधे, घुटने और टखने घुमाना, स्पॉट वाॅकिंग व हल्की जॉगिंग करें।
ठंड के मौसम में में भले आप रेगुलर एक्सरसाइज न करें, लेकिन विशेषज्ञों का मानना है कि इस दौरान वार्मअप करना कभी नहीं भूलना चाहिए और एक्सरसाइज भी बिना वार्मअप के नहीं करनी चाहिए। वार्मअप करने के कई लाभ हैं, इससे मांसपेशियों में खिंचाव आता है, घुटने और कमर की जकड़न दूर होती है, हार्ट पर मौसम के बने दबाव में कमी आती है और शरीर सक्रिय रहता है। नियमित तौरपर सुबह 10 से 15 मिनट वार्मअप जरूर करना चाहिए वहीं जो लोग नियमित एक्सरसाइज करें, उन्हें भी एक्सरसाइज के पहले 8 से 10 मिनट तक हल्का वार्मअप करना जरूरी है। यानी गर्दन, कंधे, घुटने और टखनों का घुमाना, स्पॉट वाकिंग, हल्की जॉगिंग जरूरी है। बिना इस वार्मअप सेशन से गुजरे सूर्य नमस्कार या पुशअप करने से बचें।
समय का भी रखें ख्याल
अगर आप साल के दूसरे मौसम में सुबह 5 से 6 बजे एक्सरसाइज करते हैं या वार्मअप करते हैं तो सर्दियों में यह समय बदल लें। सर्दियों में कम से कम सुबह 8.30 से 10.30 के बीच एक्सरसाइज या वार्मअप के लिए समय रखना चाहिए। अगर सुबह संभव न हो तो शाम को 4.30 से 6.30 के बीच फिटनेस के इस रुटीन को पूरा करें।
ये है बेहतरीन एक्सरसाइज
कोहरे और धुंध से भरी सुबहों में हाई इंस्टेंट सिटिंग एक्सरसाइज से हर हाल में बचना चाहिए। इस दौरान ज्यादा सस्टनेबल फिटनेस को अपनाना चाहिए। मसलन- 30 से 40 मिनट तक तेज-तेज चलें। 5 से 8 राउंड सूर्य नमस्कार की करें। प्राणायाम में अनुलोम-विलोम और भ्रामरी करना चाहिए। बॉडी वेट के लिए हल्की स्ट्रैंथ ठीक है। इस दौरान कुछ विशेष फिटनेस गतिविधियों से बचना चाहिए जैसे अचानक रनिंग करना, बहुत ठंड में साइकिलिंग करना तथा बिना दस्ताने, मोजे जिम वर्कआउट से भी बचना चाहिए।
फिटनेस वियर का चुनाव
फिटनेस एक्सरसाइज के दौरान पहने जाने वाले कपड़ों पर भी गौर करना चाहिए। क्योंकि गलत कपड़े फिट रहने की कोशिशों पर तो पानी फेरते ही हैं, उल्टे यह शरीर के लिए बहुत नुकसादायक भी होते हैं। कड़ाके की सर्दियों के दिनों में लेयरिंग करें यानी इनर के ऊपर स्वेटर और उसके ऊपर जैकेट भी पहनें। सिर, कान और पैरों को बिल्कुल ढककर रखें। ज्यादातर हार्ट स्ट्रोक या स्ट्रोक ट्रिगर ऐसी ही लापरवाहियों का नतीजा होते हैं, जब हम सर्दियों में लेयरिंग करने में आलस करते हैं। एक्टीविटीज के चलते खूब सारा पसीना आ जाए तो तुरंत कपड़े बदलने चाहिए। पसीने को अपने शरीर में सुखाने की कोशिश नहीं करनी चाहिए।
पानी पीना न भूलें
अकसर कोहरे और ठिठुरन से भरे दिनों में लोग कम से कम पानी पीने की कोशिश करते हैं। जो लोग फिट रहने के लिए एक्सरसाइज करते हैं, उन्हें भी और जो एक्सरसाइज नहीं करते उन्हें इस गलती से बचना चाहिए। क्योंकि सर्दियों में जब शरीर में जरूरत से कम पानी हो जाता है, तो केवल सर्दी ही ज्यादा नहीं लगती बल्कि कई दूसरी स्वास्थ्य संबंधी परेशानियां खड़ी हो जाती हैं। हार्ट अटैक और स्ट्रोक सर्दियों में इसलिए ज्यादा आते हैं, क्योंकि लोग धोखे में या जानबूझकर पानी पीना भूल जाते हैं। दिन में अमूमन 7 से 8 गिलास पानी पीना जरूरी है। अगर ठंड लग रही है, रूम टैम्परेचर का भी पानी नहीं पिया जा रहा तो गुनगुना पानी पीएं।
ये बातें भी रखें ध्यान में
सर्दियों मे पसीना नहीं आता, विशेषकर कड़क ठंड के मौसम में। फिर भी सीढ़ी चढ़ना, हल्का योग करना और तेज-तेज चलना जारी रखें। यह नहीं समझना चाहिए कि पसीना नहीं आता तो एक्सरसाइज का क्या फायदा है। हर दिन सुबह 10 से 15 मिनट इंडोर स्ट्रेच और 15 से 30 मिनट तक धूप में जरूर बैठें तथा रात में सोने के पहले 5 मिनट तक गहरी सांसें लें। एक्सरसाइज के बाद मूंगदाल या पनीर, भुने चने आदि खाने के लिए जरूर रखें। खाली पेट एक्सरसाइज फायदे से ज्यादा नुकसान करती है। तिल या सरसों के तेल से मालिश इस मौसम में बहुत फायदेमंद होती है। -इ.रि.सें.

