जीरकपुर में तीन गुना बढ़ी नकशा फीस, निर्माण करना होगा महंगा
जीरकपुर को प्रदेश का बड़ा रियल एस्टेट हब माना जाता है, जहां रोजाना सैकड़ों लोग आवासीय और व्यावसायिक निर्माण के लिए आवेदन करते हैं। वर्तमान में म्युनिसिपल काउंसिल घरों के लिए 1026 रुपये प्रति स्क्वायर यार्ड और दुकानों के लिए 4980 रुपये प्रति स्क्वायर यार्ड शुल्क लेती है। नए रेट लागू होने के बाद यह फीस घरों के लिए 2500 से 2600 रुपये और दुकानों के लिए 9000 रुपये प्रति स्क्वायर यार्ड से अधिक हो जाएगी।
नए रेट का असर सीधे निर्माण लागत पर पड़ेगा। उदाहरण के तौर पर, 100 स्क्वायर यार्ड के प्लॉट पर घर का प्लान अप्रूव करवाने में पहले लगभग 1 लाख रुपये खर्च होते थे। अब यह लागत बढ़कर 2.60 लाख रुपये तक पहुंच जाएगी। इसी तरह, 100 स्क्वायर यार्ड की दुकान के नकशे की अप्रूवल पर नौ लाख रुपये से अधिक खर्च होने की संभावना है।
स्थानीय निकाय विभाग ने म्युनिसिपल काउंसिल को निर्देश दिया है कि 1 अप्रैल 2025 के बाद प्लान अप्रूवल के सभी आवेदकों को नोटिस जारी कर बढ़ी हुई फीस जमा करवाई जाए। विभाग का तर्क है कि बदले आर्थिक हालात और बढ़ती डेवलपमेंट कॉस्ट को देखते हुए यह वृद्धि आवश्यक मानी गई है।
