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पीयू छात्र संघ चुनाव : कौंसिल के चार पदों के लिए आज 20 उम्मीदवारों के भाग्य का फैसला करेंगे 16468 वोटर

पंजाब यूनिवर्सिटी छात्र संघ चुनाव के लिए मतदान सोमवार 31 अगस्त को होने जा रहा है। कैंपस के 16,468 विद्यार्थी वोट डालकर कुल 20 उम्मीदवारों के राजनीतिक भाग्य का फैसला करेंगे। इस बार का मुकाबला बेहद दिलचस्प और त्रिकोणीय बन...

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पीयू छात्र संघ चुनाव।
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पंजाब यूनिवर्सिटी छात्र संघ चुनाव के लिए मतदान सोमवार 31 अगस्त को होने जा रहा है। कैंपस के 16,468 विद्यार्थी वोट डालकर कुल 20 उम्मीदवारों के राजनीतिक भाग्य का फैसला करेंगे। इस बार का मुकाबला बेहद दिलचस्प और त्रिकोणीय बन चुका है, जिसमें मुख्य रूप से एनएसयूआई, आम आदमी पार्टी के छात्र विंग एएसएपी और भाजपा समर्थित एबीवीपी के बीच कांटे की टक्कर है। हालांकि, अध्यक्ष पद के लिए कट्टरपंथी सोच वाले संगठन सत्थ ने भी दर्शप्रीत सिंह को मैदान में उतार रखा है। पिछले साल उप-प्रधान पद पर इसी संगठन के अश्मीत सिंह ने जीत दर्ज की थी। इसी तरह वारिस पंजाब दे संगठन के दीप सिद्धू की सोच वाले नये छात्र संगठन 'साखी' के बैनर तले मनमीत कौर इस बार उप-प्रधान पद पर दावा ठोक रही हैं। अरमान सिंह (उप-प्रधान), मुस्कान चौहान (सचिव), अमीन कौर (संयुक्त सचिव) और राम चंदर सिंह (संयुक्त सचिव) भी स्वतंत्र तौर पर चुनाव लड़ रहे हैं।

चुनाव में 9,000 से अधिक छात्राएं निर्णायक भूमिका में हैं। तीन मुख्य विभाग चुनाव का रुख तय करेंगे, जिनमें यूआईआईटी (2670 वोटर), यूआईएलएस (1950 वोटर) और लॉ विभाग (1064 वोटर) शामिल हैं।

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यूनिवर्सिटी प्रशासन ने सुचारू मतदान के लिए सोमवार सुबह 9:00 बजे से दोपहर 12:00 बजे तक का समय तय किया है। वोट डालने वाले छात्रों को पूरे दिन की हाजिरी (अटेंडेंस) का तोहफा भी दिया है। चंडीगढ़ पुलिस ने सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए हैं, जिसके तहत कैंपस में बाहरी वाहनों के प्रवेश पर पूरी तरह पाबंदी लगा दी गई है और केवल वैध पहचान पत्र वाले छात्रों को ही एंट्री दी जा रही है। सोशल मीडिया से लेकर हॉस्टलों तक चला धुआंधार प्रचार थम चुका है, और अब सभी की नजरें मतदान और उसके तुरंत बाद आने वाले नतीजों पर टिकी हैं।

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एनएसयूआई गठबंधन पैनल : एनएसयूआई ने इस बार क्षेत्रीय छात्र संगठनों एचएसए,जीजीएसयू और हिमसू के साथ मिलकर एक मजबूत गठबंधन तैयार किया है। प्रधान : गुरमन सिद्धू, उप-प्रधान : आकांक्षा ठाकुर, सचिव : ध्यान सिंह और संयुक्त सचिव : देवराज नैन।

आम आदमी पार्टी के छात्र विंग एएसएपी (एसोसिएशन ऑफ स्टूडेंट्स फॉर अल्टरनेटिव पॉलिटिक्स) ने भी सभी चार सीटों पर अपनी दावेदारी ठोकी है। प्रधान : आदिल बराड़, उप-प्रधान : अरमान भिंडर, सचिव : आर्यन सहारन, संयुक्त सचिव : विशाल बामल।

एबीवीपी (अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद) ने पिछले साल की तरह इस बार भी केवल मुख्य पद यानी प्रधान के लिए अपना उम्मीदवार उतारा है। प्रधान : अंकित बिढ़ान अकेले मैदान में ताल ठोक रहे हैं। एबीवीपी को इस चुनाव में 'हिमसा' का समर्थन प्राप्त है।

एबीवीपी उम्मीदवार के नामांकन में धांधली का आरोप

मतदान से एक दिन पहले आम आदमी पार्टी के विधायक और पीयू चुनाव प्रभारी अमृतपाल सुखानंद ने एबीवीपी के प्रधान पद के उम्मीदवार अंकित बिढ़ान के नामांकन पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए। उन्होंने पीयू प्रशासन पर मिलीभगत का आरोप लगाते हुए चेतावनी दी कि अगर उम्मीदवार का नामांकन तुरंत रद्द नहीं किया गया, तो वह हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाएंगे। विधायक सुखानंद ने कहा कि एबीवीपी उम्मीदवार के नामांकन पत्र में पांच बड़ी कमियां पाई गई हैं। पीयू के नियमों के मुताबिक, अगर अध्यक्ष पद के उम्मीदवार के दस्तावेजों में कोई भी त्रुटि मिलती है, तो उसका नामांकन तुरंत खारिज कर दिया जाता है, लेकिन इस मामले में प्रशासन ने आंखें मूंद रखी हैं। आप विधायक ने आरोप लगाया कि एबीवीपी उम्मीदवार का पिछला रिकॉर्ड विवादित रहा है।

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